कानपुर में हुए सांप्रदायिक संघर्ष की वजह से वहां तनाव का माहौल है। शहर के चार संवेदनशील इलाकों में जबरदस्त पहरा है।
विज्ञापन
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
2 of 11
कानपुर में शुक्रवार रात शुरू हुए सांप्रदायिक संघर्ष ने विकराल रूप ले लिया। शहर में सांप्रदायिक संघर्ष की शुरुआत शुक्रवार रात से ही हो गई थी।
विज्ञापन
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
3 of 11
इस सांप्रदायिक संघर्ष के कारण शहर के चार थाना क्षेत्रों में धारा 144 का सख्ती से पालन कराया जाएगा। इसलिए इन थाना क्षेत्रों के लोग घर से बाहर न निकलें। इन थाना क्षेत्रों में भारी फोर्स लगी रहेगी। फ्लैग मार्च भी होता रहेगा।
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
4 of 11
शुक्रवार रात से शनिवार रात सात बजे तक चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। कई उपद्रवी वीडियोग्राफी में कैद हो गए हैं। देर रात तक इनकी धरपकड़ के लिए दबिश दी जाती रही। शहर में बिजली न काटने के निर्देश दिए गए हैं।
विज्ञापन
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
5 of 11
जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि फजलगंज, सीसामऊ, रायपुरवा और चमनगंज चार थाना क्षेत्रों में धारा 144 का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है। बहुत आवश्यक काम पर घर से निकलें। अगर तीन-चार लोग इकट्ठे सड़क पर दिखे तो उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
विज्ञापन
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
6 of 11
घरों से पथराव करने वाले चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। शाम सात बजे तक हुए उपद्रव में पब्लिक का कोई व्यक्ति हताहत नहीं हुआ है। एसओ बादशाहीनाका के पैर में गोलियों को छर्रे लगे हैं।
विज्ञापन
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
7 of 11
जिलाधिकारी ने लोगों से अपील की है अफवाह न फैलाएं। कुछ शरारती तत्व अफवाह फैला रहे हैं। इस पर ध्यान न दें।
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
8 of 11
जुलूस के साथ लोग मातम करते चल रहे थे। दर्शनपुरवा में श्री लगन साड़ीज के सामने हिन्दू संगठनों ने जुलूस में शामिल लोगों को पानी पिलाने के लिए स्टाल लगाया था।
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
9 of 11
वहीं पर उनके धार्मिक बैनर भी लगे थे। जुलूस में शामिल लोगों ने वो बैनर फाड़ दिए और बेअदबी की। इससे आक्रोशित लोगों ने कालपी रोड जाम कर नारेबाजी की थी। देर रात पुलिस ने हालात पर काबू पा लिया था। लेकिन, शनिवार सुबह करीब आठ बजे इलाकाई और हिन्दूवादी संगठनों के लोग सड़क पर आ गए।
कानपुर दंगा: इन चार थानों के लोग न निकलें घर से
10 of 11
पुलिस ने रास्ता खाली कराने का प्रयास किया तो भीड़ ने एसएसपी और डीएम पर पथराव कर दिया। इस पर एसएसपी ने खुद आंसू गैस के गोले चलाए। पुलिस वालों ने रबर बुलेट चलाईं। इसके बाद लाठीचार्ज कर भीड़ को खदेड़ा गया।
पूरे दिन चली गहमागहमी के बीच शाम को दोनों समुदायों में जवाबी पथराव हो गया। दो बाइकें फूंक दी गईं। फोर्स पहुंची तो भीड़ संकरी गलियों में घुस गई और पथराव किया। गलियों से रह-रह कर गोलियां भी चलती रहीं।