'कोई दीवाना कहता है, कोई पागल समझता है। मगर धरती की बेचैनी को बस बादल समझता है। मैं तुझसे दूर कैसा हूं, तू मुझसे दूर कैसी है। ये तेरा दिल समझता है या मेरा दिल समझता है।'
कविता की पंक्तियां ही इसके लेखक के पहचान है। आपने जरूर पहचान लिया होगा कि यह कविता किसकी है? हिंदी के सबसे मशहूर कवियों में से एक कुमार विश्वास किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। कवियों के मंच से राजनीति के मैदान तक में चर्चा में रहने वाले कुमार विश्वास का आज जन्मदिन है। कुमार विश्वास जब मंच पर खड़े होकर कविता की पंक्तियां बोलते हैं तो लोग उनके फैन बन जाते हैं। वहीं जब राजनीतिक मंच से अपने विरोधियों पर कवि लहजे में तंज कसते हैं तो भी उनके बयान सुर्खियां बन जाते हैं। लेकिन इस मुकाम तक पहुंचना आसान नहीं था। आज भले ही कुमार विश्वास का नाम हर कोई जानता है लेकिन एक दौर था जब कवि बनने के लिए उन्होंने इंजीनियरिंग की पढ़ाई छोड़ दी। उन्हें परिवार के ताने सुनने पड़े। छोटे छोटे कवि सम्मेलनों में शामिल होकर चंद पैसे कमाए और इन्हीं संघर्षों के बाद आज वह हिंदी के धुरंधर कवि, 'आप' के फाउंडर लीडर के तौर पर पहचाने जाने लगे। इतने संघर्ष के बाद आज कुमार विश्वास एक सेलिब्रिटी की लाइफ जीते हैं। उनकी लाइफस्टाइल, आलीशान घर, कमाई सब कुछ खुद के दम पर तैयार कर आज कुमार विश्वास करोड़ों की संपत्ति के मालिक है। कुमार विश्वास के जन्मदिन के मौके पर जानिए उनकी नेटवर्थ के बारे में।