कोरोना संक्रमितों पर किया गया अध्ययन
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क्या कहते हैं अध्ययनकर्ता?
यह अध्ययन लंदन के रॉयल फ्री हॉस्पिटल में किया गया, जिसका निष्कर्ष नेचर प्री-प्रिंट सर्वर पर प्रकाशित किया गया है। अध्ययन की समीक्षा की जानी बाकी है। इंपीरियल कॉलेज लंदन के प्रोफेसर और परीक्षण के प्रमुख जांचकर्ता क्रिस्टोफर चिउ कहते हैं, अध्ययन के लिए वालेंटियर्स को वैक्सीन की केवल एक ही डोज की गई थी। 36 में से 16 लोगों को हल्के से मध्यम स्तर के लक्षणों जैसे बहती नाक, छींक आने और गले में खराश की शिकायत थी। कुछ ने सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, थकान और बुखार का अनुभव किया। किसी में भी गंभीर लक्षण नहीं थे।