Medically reviewed by Dr. Deepak Mahavar
डॉ दीपक माहवर, श्वास रोग विशेषज्ञ
सेंटर पॉइंट हॉस्पिटल, नागपुर
डिग्री- एम.बी.बी.एस, एम.डी, डी.एन.बी
अनुभव- 10 वर्ष
कोरोना वैक्सीन के दुनिया में आ जाने के बाद भी कई लोगों को कोरोना संक्रमण हो रहा है। ऐसे में विश्वभर के वैज्ञानिकों का मानना है कि इस वैक्सीन को यदि मुंह से न देते हुए नाक से दिया जाए तो यह और भी प्रभावी साबित हो सकती है। कोरोना वैक्सीन हमारे शरीर में म्यूकोसा से प्रवेश करता है और म्यूकोसल मेमब्रेन से ही यह संक्रमण फैलना शुरु हो जाता है इसलिए नेजल वैक्सीन भविष्य में गेम चेंजर साबित हो सकती है। नीति आयोग के सदस्य एवं भारत बायोटेक के वैज्ञानिक तक ने यह बात कही है। अगली स्लाइड्स से जानिए नेजल वैक्सीन के फायदे।