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लौट रहा है कोरोना: 30 हजार के पार हो गए संक्रमण के मामले, डॉक्टर्स बोले- करें बचाव वरना आ सकती है एक और लहर

Tue, 12 Dec 2023 07:49 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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लेटेस्ट कोविड-19 - फोटो : istock
पिछले कुछ महीनों से वैश्विक स्तर पर कोरोना के मामले काफी नियंत्रित थे, हालांकि हालिया रिपोर्ट में  सिंगापुर में बढ़ रहे कोरोना के मामलों ने चिंता बढ़ा दी है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने इस हफ्ते सभी लोगों को अलर्ट करते हुए कहा कि कोविड-19 संक्रमण और अस्पताल में भर्ती होने वालों की संख्या बढ़ रही है और इससे सिंगापुर के अस्पतालों पर दबाव भी पड़ रहा है। सभी लोगों को इस संक्रामक रोग से बचाव को लेकर फिर से सावधान हो जाने की आवश्यकता है। 

हालांकि स्वास्थ्य मंत्रालय ने लोगों को आश्वस्त भी किया है कि संक्रमितों की संख्या बढ़ तो रही है पर महामारी के दौरान जितनी अधिक नहीं है। हाल के दिनों में यहां बढ़ रहे संक्रमण के लिए कौन सा वैरिएंट जिम्मेदार है, क्या यहां कोरोना का कोई नया वैरिएंट आ गया है, इस बारे में भी बहुत स्पष्ट नहीं है। 
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सिंगापुर में कोरोना - फोटो : iStock
श्वसन संक्रमण में 30 प्रतिशत की वृद्धि

सिंगापुर में कोरोना के बढ़ते जोखिमों को देखते हुए डॉक्टर्स ने लोगों से टीकाकरण करने और फिर से मास्क लगाने की अपील की है ताकि पिछले कुछ वर्षों की तरह साल के अंत में कोविड-19, इन्फ्लूएंजा और श्वसन संक्रमणों में सामान्य वृद्धि न आने पाए और इसे पहले ही कम किया जा सके।

द स्ट्रेट्स टाइम्स की मंगलवार की एक रिपोर्ट के अनुसार श्वसन संक्रमण में 30 प्रतिशत की वृद्धि देखी है। इन्फ्लुएंजा से पीड़ित लोगों की वास्तविक संख्या अपेक्षाकृत कम है, जिनमें से अधिकांश सामान्य सर्दी से पीड़ित हैं।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : pixabay
रोजाना सामने आ रहे हैं औसत तीन हजार मामले

दो दिसंबर को समाप्त सप्ताह के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय (एमओएच) के नवीनतम आंकड़ों से पता चला है कि सिंगापुर के 25 पॉलीक्लिनिकों में श्वसन रोगों के प्रतिदिन औसतन 2,970 मामले सामने आए हैं, जबकि 2018 से 2022 तक इसी समय तक पांच साल का औसत आंकड़ा 2,009 था। हालांकि महामारी से पहले के वर्षों में प्रतिदिन 3,000 से 3,500 से मामले देखे जा रहे थे।

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कोरोना वायरस (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : iStock
रोगियों को आईसीयू की हो रही है जरूरत

देश में कोरोना के बढ़ते आंकड़ों की बात करें तो 32,000 से अधिक लोगों में कोविड-19 का निदान किया गया है, इनमें से लगभग 460 को अस्पताल में भर्ती कराया गया जबकि नौ लोगों को इंटेंसिव केयर की आवश्यकता थी। बढ़ते मामलों को देखते हुए सार्वजनिक अस्पतालों में बेड की कमी आने की भी खबरे हैं।

नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर में संक्रामक रोग विशेषज्ञ प्रोफेसर ह्सू ली यांग ने कहा, हाल के दिनों में चूंकि कोविड-19 के मामलों सहित ऊपरी श्वसन पथ के संक्रमण भी बढ़ रहे हैं, इसलिए सावधान रहना महत्वपूर्ण है।
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कोरोना का संक्रमण - फोटो : PTI
बचाव को लेकर अलर्ट

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, हम पिछले कुछ वर्षों से आमतौर पर साल के अंत में श्वसन संक्रमण के अधिक मामले देखते रहे हैं। हालांकि, इस वर्ष अपर रेस्पोरेटरी इंफेक्शन की संख्या में अधिक वृद्धि रिपोर्ट की जा रही है। अच्छी बात ये है कि अधिकांश मामले हल्के लक्षण वाले हैं और उनका इलाज आउट पेशेंट सेटिंग में किया जा सकता है।

इन्फ्लूएंजा और कोविड-19 टीकाकरण को बढ़ाने के साथ भीड़-भाड़ वाली जगहों पर मास्क पहनें, अस्वस्थ होने पर घर पर रहने और कोविड एप्रोप्रिएट बिहेवियर का पालन करते रहना एक और संभावित लहर से बचाव के लिए बहुत आवश्यक है।



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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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