हार्ट ट्रांसप्लांटेशन के बारे में जानिए
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क्या कहते हैं डॉक्टर?
हालिया मामले में रोगी लॉरेंस फॉसेट में भी सुअर का हार्ट ट्रांसप्लांट मैरीलैंड स्कूल ऑफ मेडिसिन के डॉ. बार्टली ग्रिफ़िथ ने ही किया है, जिन्होंने पहले रोगी में ट्रांसप्लांटेशन किया था। पहले मामले में प्रत्यारोपण के बाद कई जटिलताओं, सुअरों को संक्रमित करने वाले वायरस के संक्रमण के कारण रोगी की मौत हो गई थी।
डॉ. बार्टली कहते हैं, दूसरी बार इस मामले में सभी आवश्यक सावधानियां बरती गई हैं, हमें उम्मीद है कि इस बार संक्रमण या फिर किसी तरह की जटिलता नहीं आएगी। सर्जरी के बाद लॉरेंस की स्थिति काफी अच्छी है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक लॉरेंस, लाइलाज हृदय रोग के शिकार थे, इसके अलावा उनमें कई अन्य जटिल चिकित्सा स्थितियां भी थीं, जिसके इलाज के लिए हार्ट ट्रांसप्लांटेशन ही एक मात्र तरीका था।