फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Covid News: सिंगापुर में पीक पर पहुंचा कोरोना, अमेरिका में एक और लहर की आशंका, जानिए भारत में कैसे हैं हालात

Sat, 06 Jan 2024 12:13 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
कोरोना का वैश्विक खतरा - फोटो : iStock
कोरोनावायरस का नया वैरिएंट दुनियाभर में स्वास्थ्य जोखिमों को बढ़ाता हुआ देखा जा रहा है। अध्ययनों में पाया गया है कि नया वैरिएंट JN.1 अधिक संक्रामकता वाला है, लिहाजा कई देशों में पिछले दिनों मरीजों की संख्या में तेज उछाल दर्ज किया गया है। हालिया मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सिंगापुर में कोरोना पीक पर पहुंच गया है, इसके अलावा अमेरिका में विशेषज्ञों ने संक्रमण की एक और संभावित लहर को लेकर लोगों को सावधान किया है। कई अन्य देशों में भी दैनिक संक्रमण के मामले पिछले एक साल के रिकॉर्ड को तोड़ रहे हैं।

दिसंबर 2019 से शुरू हुई कोरोना महामारी के आंकड़ों पर नजर डालें तो पता चलता है कि करीब चार साल में ये वायरस 701,157,669 लोगों को संक्रमित कर चुका है। संक्रमण के शिकार 6,964,862 लोगों की इससे मौत हुई है, वहीं 672,250,203 लोग संक्रमण से ठीक हो चुके हैं।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, कोरोना के बढ़ते मामले नए वैरिएंट को लेकर भी जोखिम बढ़ा रहे हैं, ऐसे में इसके प्रसार को रोकने के लिए सभी लोगों को अलर्ट रहने की आवश्यकता है। भले ही  नया वैरिएंट JN.1 लोगों में गंभीर रोगों का कारक नहीं है पर किसी आबादी में इसके कारण तेज गति से संक्रमण बढ़ने का खतरा हो सकता है।
विज्ञापन

2 of 5
भारत में कोरोना के मामले - फोटो : iStock
भारत में कैसे हैं हालात?

भारत में कोरोना की स्थिति की बात करें तो केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा शनिवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक पिछले 24 घंटे में 774 नए मामलों की पुष्टि की गई है, देश में कोरोना के एक्टिव केस अब 4,187 हो गए हैं। मंत्रालय द्वारा सुबह 8 बजे अपडेट किए गए आंकड़ों के अनुसार, 24 घंटे की अवधि में दो मौतें (तमिलनाडु और गुजरात से एक-एक) भी हुई हैं। 

गौरतलब है कि 5 दिसंबर तक दैनिक मामलों की संख्या दोहरे अंकों में थी, लेकिन ठंड के मौसम की स्थिति और नए कोरोना सब-वैरिएंट जेएन.1 के कारण यह फिर से बढ़ना शुरू हो गया। कर्नाटक और केरल दो राज्यों में संक्रमण के सबसे अधिक मामले दर्ज किए जा रहे हैं। 
विज्ञापन

3 of 5
कोरोना संक्रमण के मामले - फोटो : istock
सिंगापुर में पीक पर पहुंच गया कोरोना

सिंगापुर में डॉक्टरों का मानना है कि देश में कोरोना की लहर चरम पर है। कई क्लीनिकों में अभी भी सामान्य से अधिक मरीज हैं और डॉक्टर आने वाले महीनों में संभावित उछाल पर नजर रख रहे हैं। स्थानीय मीडिया की शुक्रवार की रिपोर्ट के अनुसार, डॉक्टरों ने बताया कि दिसंबर की तुलना में देश में कोरोना के मामलों में वैसे तो लगभग 20 प्रतिशत की कमी आई है हालांकि जनवरी-फरवरी में संभावित कोरोना के खतरे को लेकर लोगों को अलर्ट किया गया है। 

देश के अस्पतालों को पहले से ही आने वाले महीनों में एक और उछाल आशंका को देखते हुए अलर्ट किया गया है। हेल्थवे मेडिकल के 57 क्लीनिकों में रोजाना औसतन 50 से 60 मरीज श्वसन संक्रमण के साथ आ रहे हैं, रिपोर्ट में कहा गया है, इनमें से अधिकांश मामले कोविड-19 और इन्फ्लूएंजा के हैं।

4 of 5
कोरोना के बढ़ता जोखिम - फोटो : PTI
अमेरिका के कई स्टेट्स में बढ़े केस

सिंगापुर के साथ अमेरिका में भी कोरोना के इस नए वैरिएंट के कारण कई अस्पतालों में पिछले दिनों संक्रमितों की संख्या में तेजी से उछाल दर्ज की गई है। संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए अस्पतालों और चिकित्सा केंद्रों में फेसमास्क पहनने को अनिवार्य कर दिया गया है। कैलिफोर्निया, इलिनोइस, मैसाचुसेट्स और वाशिंगटन सहित कई स्टेट्स ने इनडोर मास्किंग की आवश्यकता वाले दिशानिर्देश भी जारी किए हैं।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, कोरोना के बढ़ते जोखिमों को देखते हुए कहा जा सकता है कि JN.1 एक और लहर का कारण बन रहा है, हमें संक्रमण के प्रसार को रोकने को लेकर विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
नए कोरोना वैरिएंट्स के कारण बढ़े केस - फोटो : istock
भारत में भी बढ़ रहा है खतरा

वहीं भारत में कोरोना के आंकड़ों पर नजर डालें तो पिछले तीन-चार दिनों से लगातार दैनिक मामलों की संख्या 700 से ऊपर बनी हुई है। देश के करीब 12 राज्यों-केंद्र शासित प्रदेशों में कोरोना के नए वैरिएंट की पुष्टि की जा चुकी है, कर्नाटक में सबसे ज्यादा मामले दर्ज किए गए हैं। राज्य में संक्रमण के बढ़ते जोखिमों को देखते हुए कर्नाटक के स्वास्थ्य मंत्री दिनेश गुंडू राव ने शुक्रवार को  स्वास्थ्य अधिकारियों को टेस्टिंग में तेजी लाने और उन सभी लोगों के सैंपल लेने का निर्देश दिए हैं जिनमें फ्लू जैसे लक्षण हो रहे हैं।

अन्य राज्य जहां जेएन.1 के मामले बढ़े हैं उनमें केरल, गोवा, गुजरात, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु प्रमुख हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों से कोरोना से बचाव को लेकर अपील कर रहे हैं। 


--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है। 

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें