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कोरोना अलर्ट: बच्चों को हो रहे हैं दस्त या पेट में दर्द, तो भूलकर भी न करें नजरअंदाज, ये हैं बचाव के तरीके

Wed, 02 Jun 2021 05:50 PM IST
प्रकाश चंद जोशी हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : istock
डॉ. विपिन जैन 
बाल रोग विशेषज्ञ

Medically Reviewed by Dr. Vipin Jain

कोरोना वायरस की दूसरी लहर ने हर किसी को परेशान करके रखा हुआ है। हर दिन ये वायरस काफी संख्या में लोगों को संक्रमित कर रहा है और इस वायरस की वजह से कई लोगों की मौत भी हो रही है। क्या बड़े और क्या बुजुर्ग, ये वायरस हर किसी को अपनी चपेट में ले रहा है। वहीं, अब इस वायरस का खतरा बच्चों तक आ पहुंचा है। हालांकि, अब तक बच्चों में इस वायरस के हल्के लक्षण नजर आने की वजह से ज्यादातर बच्चों को अस्पताल में भर्ती नहीं करना पड़ा और वो घर पर ही ठीक हो गए। लेकिन क्या आप जानते हैं कि बच्चों में कुछ ऐसे लक्षण हैं, जो बच्चों को काफी नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसमें उल्टी-दस्त से लेकर पेट में दर्द जैसे कई लक्षण शामिल हैं। इसकी वजह से बच्चों में कोरोना का खतरा बढ़ सकता है। तो चलिए जानते हैं इनके बारे में।
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
बच्चों के पेट पर कोरोना अटैक?
  • जब बच्चा कोरोना से संक्रमित होता है तो हो सकता है कि पॉजिटिव होने की वजह से उसका पेट लंबे समय तक खराब रहे। इसकी वजह से बच्चों को ज्यादा दिनों तक होम आइसोलेशन में भी रहना पड़ सकता है। इस दौरान बच्चों में पेट दर्द और उल्टी-दस्त जैसे लक्षण नजर आते हैं। ऐसी स्थिति में आपको अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
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बच्चों में कोरोना के लक्षण - फोटो : Pixabay
हल्के लक्षण दिखने पर घर पर करें ये काम

अगर बच्चों में कोरोना के हल्के लक्षण हैं, तो उन्हें घर पर भी ठीक किया जा सकता है। इसके लिए आपको कुछ काम करने होंगे:-


1. घर पर बना हुआ हेल्दी खाना खिलाएं।
2. काफी ज्यादा मात्रा में पानी पिलाएं।

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बच्चों में कोरोना(सांकेतिक) - फोटो : i stock
3. हर 6 घंटे बाद बुखार नापते रहें। अगर टेंपरेचर 100 डिग्री फारेनहाइट है, तो बच्चे को पैरासिटामोल दें। हालांकि, ज्यादा दिक्कते लगने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।

4. पेट में दर्द  और उल्टी-दस्त होने पर बच्चों को ओआरएस का घोल दे सकते हैं। इसके अलावा आप नारियल पानी भी बच्चों को दे सकते हैं।
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संक्रमित बच्चा - फोटो : अमर उजाला
मल्टीसिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम भी बच्चों के लिए खतरनाक
  • मल्टीसिस्टम इंफ्लेमेटरी सिंड्रोम लक्षणों पर आधारित एक सिंड्रोम है। इसमें बच्चों के पाचन तंत्र, फेफड़ों, त्वचा, मस्तिष्क दिल, गुर्दे और आंखों में इंफेक्शन और सूजन देखी गई है। बात इसके लक्षणों की करें तो इसमें बुखार आना, सूजन आना, सांस लेने में तकलीफ, पेट में दर्द, त्वचा का नीला पड़ना और नाखूनों का नीला पड़ना आदि शामिल हैं।

नोट: डॉक्टर विपिन जैन बाल रोग विशेषज्ञ हैं, और एक जाना-माना नाम है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित अस्वीकरण- बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।
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