फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महिला का खुलासा, पादरी ने किया था मेरा यौन शोषण और नन ने कहा 'वेश्या'

Mon, 25 Sep 2017 12:33 PM IST
amarujala.com- Presented by: अंशुल तलमले
विज्ञापन
1 of 4
टेरीजा टोल्मी मैकग्रेन
कैथोलिक अनाथालय में धर्म की शिक्षा के साथ अच्छे संस्कार दिए जाते हैं। लेकिन जब आपको पता लगे कि ऐसे संस्थानों में गंदे काम भी होते हैं तो आप क्या सोचेंगे। ऐसे ही बुरे दौर से गुजरना पड़ा था टेरीजा टोल्मी मैकग्रेन को। मामला 60 और 70 के दशक का है।

ब्रिटेन के एक कैथोलिक अनाथालय में रह चुकी टेरीजा टोल्मी मैकग्रेन महिला नामक महिला ने अपने साथ हुई यौन हिंसाओं को लेकर चौंकाने वाले खुलासे किए। जो खुलासे उन्होंने किए वो वो सुन आप चौंक जाएंगे। घटना के सालों बाद किए गए इस खुलासे में टेरीजा ने बातें बताई उसे सुन आप चौंक जाएंगे।
 
विज्ञापन

टेरीजा की आपबीती

2 of 4
फिलहाल नॉर्वे में एक मनोवैज्ञानिक के तौर पर काम कर रही टेरिजा जब इस अनाथालय में लाई गई थीं तब उनकी उम्र महज छह साल थी। शुरू-शुरू में तो टेरीजा को लगा कि ये अच्छी जगह है जहां खेलने के लिए काफी जगह है। लेकिन जल्दी ही उनका ख्याल गलत साबित हुआ। इसकी शुरुआत तब हुई जब एक नन ने उनके कान जोर से उमेठे और सफाई करने के लिए कहा।

टेरीजा बताती हैं, "मुझे लगा कि इसके बाद सब ठीक हो जाएगा।" स्माइलम पार्क के इस अनाथालय में उनके साथ क्या कुछ गुजरा होगा, इसका अंदाजा उन्हीं की इस बात से लगाया जा सकता है कि आठ साल की उम्र में पादरी ने पहली बार उनका यौन शोषण किया था।
विज्ञापन

'अकेला देख कमरे में ले गया पादरी'

3 of 4
अपनी जिंदगी की सबसे बुरी यादों में शामिल इस घटना का जिक्र करते हुए टेरीजा बताती हैं कि, ''मैं बेंचों को साफ कर रही थी तभी पीछे से आए पादरी ने एक कमरे में मुझे साथ चलने को कहा। पादरी ने मुझे पुचकारते हुए गोद में बैठाने की कोशिश की, लेकिन मैं वहां से भाग गई। 

ऐसी ही एक और डरावनी घटना का जिक्र करते हुए टेरीजा बताती हैं कि जब वो पादरी यही सब कर रहा था तब एक बार वहां नन आ गईं। उन्होंने राहत की सांस ली और सोचा कि उन्हें कोई मदद मिल सकती है, लेकिन पादरी पर नाराज होने के बजाय नन ने जो किया वो जान आपके होश फाक्ता हो जाएंगे।
विज्ञापन

'नन ने कहा तुम वेश्या हो'

4 of 4
आगे बताते हुए टेरीजा कहती हैं कि, ''मदद करने की बजाय नन मुझ पर ही भड़क गईं और मुझे वेश्या कहा। उन्होंने मुझसे वहां से चले जाने के लिए कहा। बाद में मुझे सजा के तौर पर वो करने के लिए कहा गया जिसे करने के लिए पादरी मुझे मजबूर करता था।''

टेरीजा स्माइलम पार्क के अनाथालय में सालों से चले आ रहे शोषण के बारे में बताती हैं नन उन्हें मानसिक रूप से सताने लगीं। बकौल टेरीजा, "हर बच्चे को पीटा जाता था, उसे सजा दी जाती थी। अंधेरे कमरों में बंद कर दिया जाता था। उन्हें अपनी उल्टी खाने के लिए विवश किया जाता था।"

ये सिलसिला तब जाकर थमा जब वे सैकेंडरी स्कूल में पहुंच गईं। लेकिन टेरीजा ने बताया कि उन्हें यूनिवर्सिटी जाने से रोकने के लिए हर तरकीब अपनाई गई, लेकिन वे कामयाब नहीं हो पाए, लेकिन अनाथालय में आने वाले सभी बच्चे टेरीजा की तरह बचने में कामयाब नहीं हो पाए। बीबीसी की एक जांच में पता चला कि इस अनाथालय में मारे गए 400 बच्चों को नजदीक के कब्रिस्तान में सामूहिक रूप से दफनाया गया था।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें