फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kolkata: जूनियर डॉक्टरों में से एक की हालत गंभीर, फिर भी अनशन तोड़ने को तैयार नहीं; न्याय की मांग की

Fri, 11 Oct 2024 12:54 PM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

नौ अगस्त की वो भयावह सुबह कोई नहीं भूल सकता, जब कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में एक महिला डॉक्टर का शव मिला था। पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए जूनियर डॉक्टर कई दिनों से अनशन पर हैं। 
विज्ञापन
1 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
कोलकाता में आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में महिला डॉक्टर के साथ हुई भयावह घटना को लेकर अभी भी देशभर में गुस्सा है। न्याय और कार्यस्थल की सुरक्षा की मांग को लेकर जूनियर डॉक्टर सड़कों पर हैं। वह करीब एक हफ्ते से अनशन पर बैठे हुए हैं। भूख हड़ताल पर बैठे एक डॉक्टर की हालत गंभीर है। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।  
विज्ञापन

एक डॉक्टर की हालत गंभीर

2 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
रविवार से अनशन पर बैठे अनिकेत महतो की हालत खराब हो गई है। उन्हें गुरुवार रात आरजी कर अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि महतो के इलाज के लिए पांच सदस्यीय मेडिकल बोर्ड का गठन किया गया है। 
विज्ञापन

यह है भयावह घटना

3 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
नौ अगस्त की वो भयावह सुबह कोई नहीं भूल सकता, जब कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में एक महिला डॉक्टर की लाश मिली थी। जब मामला विवादों में आया, तो पता चला कि डॉक्टर के साथ दुष्कर्म हुआ था। यह मामला कोलकाता हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा और फिर सीबीआई को इसकी जांच सौंप दी गई। घटना के लगभग दो महीने बाद महिला डॉक्टर को इंसाफ मिलने की उम्मीद नजर आ रही है। महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म और हत्या के मामले में कलकत्ता पुलिस ने 10 अगस्त को संजय रॉय को गिरफ्तार किया था।

पांच डॉक्टरों की टीम कर रही इलाज

4 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
अस्पताल की सीसीयू प्रभारी डॉ. (प्रोफेसर) सोमा मुखोपाध्याय ने कहा, 'महतो को बेहोशी की हालत में अस्पताल लाया गया था। उनकी हालत गंभीर है। उन्हें ऑक्सीजन दी गई। साथ ही अन्य जरूरी उपचार किया जा रहा है। उन्होंने पिछले कुछ दिनों से पानी तक नहीं पीया है। उनकी हालत स्थिर नहीं है। हम आशा करते हैं कि वह कुछ दिनों में सही हो जाएंगे। पांच लोगों की टीम उनका इलाज कर रही है।'
विज्ञापन

मांगे पूरी नहीं होने तक अनशन रहेगा जारी: देबाशीष हलदर

5 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
मध्य कोलकाता के एस्प्लेनेड इलाके में प्रदर्शन स्थल पर मौजूद एक अन्य जूनियर डॉक्टर देबाशीष हलदर ने बताया कि अनशन पर बैठे छह अन्य जूनियर डॉक्टरों की हालत खराब होने के संकेत हैं। उन्होंने कहा, 'हमने आईसीयू एंबुलेंस और अन्य जैसे सभी जरूरी सहायता को तैयार रखा है ताकि अगर किसी को अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत हो तो हम उसकी देखभाल कर सकें।'

उन्होंने कहा कि जब तक राज्य सरकार डॉक्टरों की मांगों को पूरी नहीं कर देती, तब तक उनका अनशन जारी रहेगा। एक अन्य स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के दो अन्य जूनियर चिकित्सकों की हालत बिगड़ गई है और वे भी अनशन पर हैं। उन्होंने कहा, 'हालात चाहे जो भी हों, हम अपनी भूख हड़ताल वापस नहीं लेंगे। अनशन तोड़ने को यह लोग तैयार नहीं है। कुछ अन्य लोग भी आज अनशन में शामिल हो सकते हैं। मैं आपको बताना चाहता हूं अगर इन लोगों के साथ कुछ भी होता है, उसके लिए पूरी तरह से राज्य सरकार जिम्मेदार होगी।'
 
विज्ञापन

ये युवा डॉक्टर हमारा भविष्य: डॉक्टर कोनार

6 of 7
डॉक्टर विरोध-प्रदर्शन करते हुए। - फोटो : पीटीआई
जूनियरों की बिगड़ती तबीयत को लेकर परेशान वरिष्ठ डॉक्टरों ने उनसे भूख हड़ताल वापस लेने की अपील की। पश्चिम बंगाल के डॉक्टरों के संयुक्त मंच के संयुक्त संयोजकों में से एक डॉ. हीरालाल कोनार ने कहा, 'ये युवा डॉक्टर हमारा भविष्य हैं। राज्य सरकार इतनी असंवेदनशील कैसे हो सकती है? इससे पहले कि चीजें हाथ से निकल जाएं, उन्हें तेजी से काम करना चाहिए।'
विज्ञापन
विज्ञापन

कौन-कौन अनिश्चितकालीन अनशन पर?

7 of 7
अनशन पर बैठे वरिष्ठ डॉक्टर (फाइल फोटो) - फोटो : पीटीआई
बता दें, आरजी कर अस्पताल के अनिकेत महतो, कोलकाता मेडिकल कॉलेज के स्निग्धा हाजरा, तनया पांजा और अनुस्तुप मुखोपाध्याय, एसएसकेएम अस्पताल के अर्नब मुखोपाध्याय, एनआरएस मेडिकल कॉलेज के पुलस्थ आचार्य और केपीसी मेडिकल कॉलेज के सायंतनी घोष हाजरा अनशन में बैठे हैं। इनका साथ देने के लिए कूचबिहार मेडिकल कॉलेज के दो अन्य जूनियर डॉक्टर भी भूख हड़ताल पर बैठ गए थे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें