गोरखपुर में बाढ़।
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लोग बोले: हमारी पीड़ा कोई नहीं सुनता
महफूज अहमद ने बताया कि मोहल्ले में कभी इतना पानी हमने तो नहीं देखा। वर्ष 1998 की बाढ़ में भी ऐसी त्रासदी नहीं झेलनी पड़ी थी। नगर निगम की तरफ से कुछ जगह पंप लगाए भी गए हैं, लेकिन पानी कहीं कम होता नहीं दिख रहा। करीब पखवारे भर से घर के चारों तरफ पानी भरा है, ऐसे में कभी भी कोई हादसा हो सकता है।
रामबचन ने बताया कि घर चारों तरफ से पानी से घिरा है। तीन दिन पहले तक सड़क पर भी पानी बह रहा था, लेकिन अब कुछ कम हुआ है। हालांकि, अब भी मोहल्ले के अधिकांश घरों से निकलना मुश्किल है। शासन-प्रशासन ने बाढ़ पीड़ितों का दर्द सुना, लेकिन हमारी कोई सुन ही नहीं रहा। शायद किसी को ऐसा लग ही नहीं रहा है कि नकहां नंबर के लोग भी पीड़ित हैं।