कोरोना काल में मोरिंगा यानि सहजन के पेड़ को सरकार ने खूब बढ़ावा दिया है। इसकी कई खास वजह भी है, इसकी मदद से आप एनर्जी, इम्यूनिटी और हार्ट हेल्थ को मजबूत सकते हैं। इसे आप अपने खाने में अलग-अलग तरीकों से शामिल कर सकते हैं। आप मोरिंगा के पत्तों को पाउडर के रूप में मिला सकते हैं।
डायटीशियन पद्मनी बताती हैं कि मोरिंगा के पत्ते पोषक तत्वों से भरपूर होते हैं। ये कैल्शियम का गैर-डेयरी स्रोत भी हैं। मोरिंगा के पत्ते से ब्लड शुगर का लेवल भी कंट्रोल किया सकता है। मोरिंगा ओलीफेरा पौधे से आता है, जिसे अक्सर सहजन का पेड़, सहिजन का पेड़ या चमत्कारिक पेड़ कहा जाता है। कोरोना काल में मोरिंगा रोजमर्रा के आहार में अधिक से अधिक शामिल किया जा रहा है।
इसे सर्वाइवल फूड भी कहा जाता है क्योंकि इसमें प्रोटीन, कैल्शियम, आवश्यक अमीनो एसिड, आयरन, विटामिन सी और ए मिनरल्स जैसे सभी पोषक तत्व होते हैं। इसके अलावा, मोरिंगा एक औषधीय पावर हाउस है जिसमें एंटीफंगल, एंटीवायरल, एंटीड्रिप्रेसेंट और एंटी-भड़काऊ गुण होते हैं। मोरिंगा के पौधे के प्रत्येक भाग का अपना अनूठा और उपयोगी गुण होता है, इसका उपयोग विभिन्न स्वास्थ्य लाभों के लिए किया जाता है। आइए जानते हैं कि इसका कहां-कहां प्रयोग किया जा सकता है...