हिंदी सिनेमा में दिग्गज अभिनेत्री वहीदा रहमान की एक अलग पहचान है। दक्षिण भारतीय सिनेमा से अभिनय की दुनिया में कदम रखने वाली वहीदा ने शोहरत की हर बुलंदी को छुआ, लेकिन जब वे हिंदी सिनेमा में आईं तो उनके लिए ये सफर जरा भी आसान नहीं था। क्योंकि उस जमाने मधुबाला, मीना कुमारी और नरगिस जैसी अभिनेत्रियों का सिक्का जमा हुआ था। इसके बावजूद वहीदा अपनी अदाकारी से दर्शकों के दिल में जगह में बनाने में कामयाब रहीं। आज वहीदा अपना 86वां जन्मदिन मना रही हैं, चलिए आपको उनके जिंदगी के कुछ दिलचस्प पहलुओं से रूबरू कराते हैं।
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वहीदा रहमान
- फोटो : सोशल मीडिया
वहीदा का जन्म साल 1938 में 3 फरवरी को तमिलनाडु के चेंगलपट्टू में हुआ। कहा जाता है कि वहीदा कभी भी अभिनय नहीं करना चाहती थी। बल्कि वे एक डॉक्टर बनना चाहती थी, लेकिन उनका यह सपना उस वक्त टूट गया, जब उनके पिता का निधन हो गया। इसके बाद उन्होंने दक्षिण भारतीय फिल्मों में अभिनय करना शुरू किया। वहीदा ने एनटी रामा राव की फिल्म 'जयसिम्हा' में मुख्य भूमिका भी निभाई।
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वहीदा रहमान
- फोटो : सोशल मीडिया
इसी दौरान गुरुदत्त अपनी फिल्म 'सीआईडी' के लिए एक अभिनेत्री की तलाश कर रहे थे। एक समारोह में उनकी नजर वहीदा रहमान पर पड़ी। गुरुदत्त ने वहीदा को स्क्रीन टेस्ट के लिए बुलाया। वहीदा स्क्रीन टेस्ट के बाद फिल्म के लिए चुन ली गईं। इसके बाद फिल्म 'सीआईडी' के जरिए वहीदा रहमान ने हिदी सिनेमा में कदम रखा। हालांकि, हिंदी सिनेमा में उन्हें पहचान फिल्म 'प्यासा' से मिली। वहीदा रहमान के साथ गुरुदत्त की जोड़ी को दर्शकों ने खूब पसंद किया। War 2: अयान मुखर्जी के 'वॉर 2' निर्देशन पर सिद्धार्थ आनंद ने तोड़ी चुप्पी, आदित्य चोपड़ा को लेकर कही ये बात
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वहीदा रहमान और गुरुदत्त
- फोटो : सोशल मीडिया
गौरतलब है कि बड़े पर्दे पर गुरुदत्त और वहीदा रहमान की जोड़ी को दर्शकों ने खूब प्यार दिया। इसी दौरान गुरुदत्त वहीदा रहमान के इश्क में इस कदर डूब गए कि उनके लिए वे खुद स्पेशल सीन्स लिखने लगे। कहा जाता है कि फिल्म 'प्यासा' में गुरुदत्त दिलीप साहब को लेना चाहते थे, लेकिन बाद में उन्होंने वहीदा रहमान के अपोजिट खुद काम किया। वे हमेशा वहीदा रहमान को अपने नजदीक चाहते थे, दोनों का मेकअप रूम भी आसपास होता था। इसी दौरान वहीदा और गुरुदत्त की शादी की खबरें सामने आने लगी, जिसके चलते गुरुदत्त की पत्नी गीता दत्त उनसे अलग रहने लगीं। इसके बाद गुरुदत्त ने उनको मनाने पहुंचे और गीता ने उनसे पत्नी या प्रेमिका से किसी एक को चुनने को कहा। गुरुदत्त ने गीता दत्त को चुना और वहीदा रहमान से अपनी राहें जुदा कर लीं। All India Rank: लेखक से निर्देशक बने वरुण ग्रोवर, फिल्म के पोस्टर के साथ रिलीज डेट का किया खुलासा
वहीदा रहमान ने अपने करियर में एक से बढ़कर एक फिल्म दी। हिंदी सिनेमा वहीदा रहमान का फिल्म करियर छ दशक से भी अधिक का रहा है। उन्होंने ‘गाइड’, ‘प्यासा’, ‘साहब बीबी और गुलाम’, ‘दिल्ली-6’, ‘कागज के फूल’ समेत 90 फिल्मों में काम किया। साल 2021 में 85 वर्ष की उम्र में उन्हें दादा साहब फाल्के पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा वहीदा ने राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार, 1972 में पद्मश्री और 2011 में पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया है। Bhool Bhulaiyaa 3: कियारा-सारा को पीछे छोड़ ये हसीना बनी भूल भुलैया 3 का हिस्सा? पर्दे पर बड़े धमाल की तैयारी