सरोजनी मार्केट
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इनक्यूबेशन सेंटर बनेगा
चीन की तरह ही अब भारत में इनक्यूबेशन सेंटर बनेगा। बकौल मनीष सिसोदिया अगर किसी की मूल कल्पना स्टार्टअप को लेकर है तो इस कल्पना को साकार करने में युवाओं को मूल काम छोड़कर सरकारी कामकाज में उलझना पड़ता है। टैक्स, एनफोर्समेंट, जीएसटी, एमसीडी, पेटेंट जैसे कामों में 90 प्रतिशत समय देना पड़ता है। आइडिया पर काम करने का 10 प्रतिशत समय ही बचता है। लेकिन दिल्ली सरकार के इनक्यूबेशन सेंटर में युवा अगर स्टार्टअप सेट करना चाहते है तो मार्केटिंग, मेंटरिंग और इनवेस्टमेंट के लिए सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। फाइनेंस के लिए बैंक और इन्वेस्टर्स के साथ उनका टाइअप सरकार कराएगी।
कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया माइक्रो एंड स्मॉल स्केल इंडस्ट्रीज के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक गुप्ता का कहना है कि चीन में गुनझाउ विदेशी खरीदारों को तो आकर्षित करता ही है साथ ही बेहतर मंच भी देता है। टॉय एसोसिएशन ऑफ इंडिया के सदस्य राजीव बत्रा का कहना है चीन के यीयू शहर में बुतियान मार्केट में सूई से जहाज तक की खरीदारी संभव है। इस तरह का प्रयास दिल्ली में भी करने की आवश्यकता है। इलेक्ट्रॉनिक सिटी में इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग होने से इलेक्ट्रॉनिक पार्ट के लिए भरोसे चीन पर नहीं रहना होगा। बिजनेस लीडर तैयार होंगे।