पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला हत्या मामले में देश का खुफिया विभाग(आईबी) भी अलर्ट हो गया है। आईबी ने रोहिणी स्थित स्पेशल सेल के कार्यालय में बृहस्पतिवार को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से कई घंटे संयुक्त रूप से पूछताछ की। दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या में जिन आधुनिक हथियारों का इस्तेमाल किया है वैसे हथियार तो आतंकी भी नहीं रखते हैं। हथियारों के इस्तेमाल को देखते हुए देश के खुफिया विभाग को जांच में लगाया गया है। पहली बार ऐसा देखने में आया है कि गैंगस्टर मामले में आईबी पूछताछ कर रही है। लॉरेंस बिश्नोई के गिरोह में करीब 700 शूटरों व सदस्य हैं। इस वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या वाली जगह पर तीन तरह के खोले मिले हैं। बताए जा रहे हैं कि ये हथियार एके-47 भी नहीं है। वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार एके-47 से बड़े असलहे हैं।
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लॉरेंस बिश्नोई
- फोटो : अमर उजाला
बताया जा रहा है कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या के लिए रसिया में बने हथियारों का इस्तेमाल किया गया है। ऐसे हथियार आतंकियों के पास भी नहीं होते हैं। इसे देखते हुए गृहमंत्रालय के आदेश पर देश के खुफिया विभाग को जांच में लगाया गया है। खुफिया विभाग ने दिल्ली पुलिस के स्पेशल सेल के डीसीपी जसमीत(स्पेशल सेल की सर्दन रेंज के डीसीपी), डीसीपी राजीव रंजन सिंह समेत अन्य अधिकारियों ने लॉरेंस बिश्नोई से करीब चार घंटे से ज्यादा पूछताछ की।
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गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस अधिकारियों के अनुसार हो सकता है लॉरेंस बिश्नोई के पास हथियार बाहर से मंगाने व किसी बाहरी व्यक्ति की सिद्धू मूसेवाला की हत्या में भूमिका को लेकर इनपुट्स हो। इन तरह के इन इनपुट्स को लेकर आईबी लॉरेंस बिश्नोई से पूछताछ कर रही है। ताकि इन इनपुट्स को अन्य राज्यों की पुलिस के साथ साझा किया जा सके।
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gangster lawrence bishnoi
तिहाड़ से फोन के जरिए दिए थे हत्या के आदेश
दूसरी तरफ लॉरेंस बिश्नोई ने पूछताछ में बताया कि उसने गोल्डी बरार को करीब तीन महीने पहले सिद्धू मूसेवाला की हत्या करने के लिए निर्देश दिए थे। उसने तिहाड़ जेल से मोबाइल से गोल्डी बरार से बात की थी। क्योंकि लॉरेंस बिश्नोई तिहाड़ में किसी से मिलता नहीं है। ऐसे में उसने फोन के जरिए ही निर्देश दिए होंगे। हालांकि बताया जा रहा है कि करीब एक महीने से वह तिहाड़ में मोबाइल का इस्तेमाल नहीं कर रहा था।
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गैंगस्टर लारेंस बिश्नोई
उसे पता नहीं कि किसने सिद्धू मूसेवाल की हत्या की है
स्पेशल सेल के पुलिस अधिकारियों के अनुसार लॉरेंस बिश्नोई पूछताछ में ज्यादा सहयोग नहीं कर रहा है। वह हर बात को घूमा देता है। वह बार-बार यहीं कह रहा है कि उसने हत्या करने के निर्देश दिए थे। उसे पता नहीं कि गिरोह के किन शूटरों या फिर किसने सिद्धू मूसेवाला की हत्या की है। लॉरेंस ने बताया कि सिद्धू मूसेवाला विरोधी गिरोह देवेंद्र बंबीहा को वित्तीय व अन्य तरीकों से सपोर्ट कर रहा था, इसलिए पंजाबी गायक की हत्या करवाई गई है।
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lawrence bishnoi
लॉरेंस तिहाड़ में किसी से नहीं मिलता है
दिल्ली पुलिस अधिकारियों के अनुसार लॉरेंस तिहाड़ में किसी से मिलता नहीं है। उसने सभी को मिलने से मना कर रखा है। उसे लगता है कि कोई विरोधी गिरोह का सदस्य उसे देख लेगा और किसी तरह की गड़बड़ जो जाएगी। ऐसे में वह मोबाइल के जरिए ही अपने गिरोह के संपर्क में रहता है।
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Lawrence Bishnoi
लॉरेंस बिश्रोई व गोल्डी बराड़ गिरोह में 700 से ज्यादा सदस्य हैं
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि लॉरेंस बिश्रोई-काला जठेडी व गोल्डी बराड़ गिरोह में करीब 700 शार्पशूटर व सदस्य हैं। ये सदस्य चंडीगढ़,पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान व हरियाणा में है।
खास बात ये है कि गिरोह के सदस्य एक-दूसरे का कम ही जानते हैं। एक बार लॉरेंस बिश्रोई कोई आदेश निकाल देता है तो गिरोह के भी सदस्य उसका पूरी तरह पालन करते हैं।