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श्रद्धा हत्याकांड में अब तक: जंगलों से मिल चुकीं 25-30 हड्डियां, इतने लोगों के दर्ज हो चुके बयान, हुए ये टेस्ट

Thu, 01 Dec 2022 10:25 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
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श्रद्धा हत्याकांड - फोटो : सोशल मीडिया
दिल्ली के श्रद्धा वालकर हत्याकांड की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इस सनसनीखेज हत्याकांड के राज से पर्दा उठ रहा है। जांच कर रही एसआईटी को अब तक मामले में महरौली और गुरुग्राम के जंगल से श्रद्धा की 25 से 30 हड्डियां मिल चुकी हैं। इसमें जबाड़ा भी शामिल है। इन सभी को जांच के लिए एफएसएल भेजा हुआ है। पुलिस की टीम ने अब तक 50 से अधिक लोगों के बयान दर्ज कर लिए हैं। इसमें श्रद्धा के दोस्त, आफताब के दोस्त, दोनों के कॉमन दोस्त के अलावा दोनों के परिजन भी शामिल हैं। पुलिस एक-एक कर लोगों के बयान दर्ज कर केस में सबूत जुटाने का प्रयास कर रही है। पुलिस अब दावा कर रही है कि उनके पास आफताब को सजा दिलवाने के लिए काफी सबूत इकट्ठे हो चुके हैं। इससे पूर्व पुलिस आफताब का पॉलीग्राफ टेस्ट करवा चुकी है। उसकी रिपोर्ट आना बाकी है।
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aftab poonawala - फोटो : अमर उजाला
वहीं, गुरुवार को आरोपी आफताब पूनावाला का रोहिणी स्थित डॉ. भीमराव अंबेडकर अस्पताल में नार्को टेस्ट कराया गया। सुबह 10 बजे शुरू हुआ नार्को टेस्ट करीब दो घंटे तक चला। एफएसएल अधिकारियों व विशेषज्ञों की मौजूदगी टेस्ट के दौरान आफताब से कई सवाल-जवाब किए गए। सूत्रों का कहना है कि उससे 50 से अधिक सवाल पूछे गए जिसमें श्रद्धा की हत्या और शव को ठिकाने लगाने समेत कई राजों को उगलवाने का प्रयास किया गया।
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Shraddha Murder Case - फोटो : फाइल फोटो
एफएसएल सूत्रों ने दावा किया है कि नार्को टेस्ट पूरी तरह सफल रहा। अब टेस्ट की रिपोर्ट को तैयार कर सीलबंद लिफाफे में अदालत के सामने पेश कर दिया जाएगा। टेस्ट के बाद आफताब की मेडिकल जांच करवाने और काउंसलिंग के बाद दोपहर के समय वापस तिहाड़ जेल भेज दिया गया। इस दौरान पूरी प्रकिया की वीडियोग्राफी भी करवाई गई।

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श्रद्धा और हत्यारोपी आफताब - फोटो : फाइल फोटो
वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि तय कार्यक्रम के तहत गुरुवार सुबह कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच आफताब पूनावाला को तिहाड़ जेल से अंबेडकर अस्पताल लाया गया। सुबह करीब 10 बजे से उसका टेस्ट शुरू होना था। लेकिन पुलिस की टीम उसे अस्पताल में डेढ़ घंटे पहले ले आई। यहां सबसे पहले उसका मेडिकल करवाया गया। इसके बाद उसे टेस्ट और दवा के प्रभावों के बारे बताकर उसका कंसेंट ले लिया गया। इसके आफताब को अस्पताल की दूसरी मंजिल स्थित ओटी नंबर-दो में ले जाया गया। 
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Shraddha Murder Case - फोटो : अमर उजाला
यहां नार्को के नोडल अधिकारी डॉ. नवीन कुमार की देखरेख में एनेस्थेटिस्ट ने आफताब को दवा दी। इस दौरान वहां छह से सात फॉरेंसिक एक्सपर्ट के अलावा अंबेडकर अस्पताल के डॉक्टरों की टीम व फोटो एक्सपर्ट भी मौजूद रहे। सुबह करीब 10.00 बजे टेस्ट शुरू हुआ। इस दौरान फॉरेंसिक साइकोलॉजिस्ट ने एक के बाद एक आफताब से सवाल पूछना शुरू किए। सूत्रों का कहना है कि आफताब से 50 से अधिक सवाल पूछे गए, जिसके बाद कई महत्वपूर्ण राजों से पर्दा उठा। गहरी नींद के बीच बार-बार आफताब को थपकी देकर उठाया जाता और उससे सवालों के जवाब लिये जाते।
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Shraddha Murder Case - फोटो : अमर उजाला
दोपहर करीब 12.00 बजे नार्को टेस्ट को पूरा कर लिया गया। बाद में उसे करीब एक घंटे के लिए ऑब्जर्वेशन रूम में भेज दिया गया। इसके बाद उसका दोबारा से मेडिकल हुआ। बाद में करीब 1.00 बजे उसे कड़ी सुरक्षा के बीच वापस तिहाड़ जेल भेज दिया गया। आफताब ने नार्को टेस्ट में किन सवालों का जवाब दिया और किन-किन राजों से पर्दा उठा, फिलहाल इसके बारे में कोई भी अधिकारी बोलने को तैयार नहीं था। सबका यही कहना था कि इस पूरी प्रक्रिया को बेहद गुप्त रखा जाता है। रिपोर्ट तैयार कर इसे कोर्ट में पेश किया जाता है। उसके आधार पर अदालत अपनी कार्रवाई करती है। 
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मृतका श्रद्धा - फोटो : फाइल फोटो
श्रद्धा वालकर हत्याकांड मामले में गुरुवार को रोहिणी स्थित अंबेडकर अस्पताल में आफताब का नार्को टेस्ट पूरा कर लिया गया। -सागर प्रीत हुड्डा, विशेष आयुक्त (लॉ एंड ऑर्डर), दिल्ली पुलिस

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मृतका श्रद्धा वालकर - फोटो : अमर उजाला
कैसे किया जाता है नार्को टेस्ट...
श्रद्धा वालकर हत्याकांड में सच उगलवाने के लिए गुरुवार को आफताब पूनावाला का नार्को टेस्ट करवाया गया। नार्को के नोडल अधिकारी डॉ. नवीन कुमार की देखरेख में इसे पूरा किया गया। जिस व्यक्ति का नार्को टेस्ट होता है, इससे पूर्व उसके शरीर की पूरी जांच करवाई जाती है। बाद में एक निश्चित मात्रा एनेस्थेटिस्ट विशेषज्ञों की देखरेख में आरोपी के शरीर में दवाई चढ़ा दी जाती है। उसको ऐसी व्यवस्था में पहुंचा दिया जाता है, जिसमें वह आधी बेहोशी और नींद (कृत्रिम निद्रावस्था) में होता है।

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आरोपी आफताब - फोटो : सोशल मीडिया
इसके साथ उसके ब्रेन मैपिंग के लिए ईईजी करवाया जाता है। छह से सात फॉरेंसिक एक्सपर्ट की टीम वहां मौजूद रहती है। फॉरेंसिक साइकोलॉजिस्ट सच उगलवाने के लिए आरोपी से सवाल करता है। बार-बार गहरी नींद से जगाने के लिए एक्सपर्ट उसको थपकी देकर जगाते भी हैं। इस दौरान पूरी प्रक्रिया की एक्सपर्ट से फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी करवाई जाती है। फॉरेंसिक एक्सपर्ट का कहना है कि टेस्ट सफल रहा है या नहीं उससे टीम को कोई मतलब नहीं। टेस्ट की रिपोर्ट तैयार कर उसे अदालत में पेश कर दिया जाता है। हालांकि ज्यादातर मामलों में टेस्ट के सकारात्मक परिणाम देखने को मिले हैं। उम्मीद जताई जाती है कि इस टेस्ट के दौरान आरोपी झूठ नहीं बोलता है।

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मृतका श्रद्धा - फोटो : सोशल मीडिया
नार्को टेस्ट करवाने के लिए जेल और अस्पताल की टाइम लाइन...
  • सुबह 8.15 बजे: कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच आफताब पूनावाला को लेकर पुलिस की टीम तिहाड़ जेल से रोहिणी स्थित अंबेडबर अस्पताल के लिए निकली।
  • सुबह 8.30 बजे: एफएसएल की टीम अपने दफ्तर से अंबेडकर अस्पताल पहुंची और टेस्ट की तैयारी शुरू कर दी।
  • सुबह 8.38 बजे: आफताब तिहाड़ जेल से अंबेडकर अस्पताल पहुंचा।
  • सुबह 9.00 बजे: अंबेडकर अस्पताल में आफताब का मेडिकल चेकअप हुआ।
  • सुबह 9.15 बजे: आफताब को नार्को टेस्ट से पहले की दवा के प्रभावों के बारे में बताकर उसका कंसेंट लिया गया।
  • सुबह 9.30 बजे: आफताब को एनेस्थेसिया दिया गया, डॉक्टरों ने उसकी निगरानी शुरू की।
  • सुबह 10.00 बजे: विशेषज्ञों की देखरेख में आफताब का नार्को टेस्ट शुरू कर दिया गया।
  • दोपहर 12.00 बजे: करीब दो घंटे नार्को टेस्ट चला, इसके बाद उसे ऑब्जर्वेशन रूम में रखा गया।
  • दोपहर 12.30 बजे: दोबारा से आफताब की मेडिकल जांच हुई।
  • दोपहर 1.00 बजे: आफताब को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच वापस तिहाड़ जेल भेज दिया गया।
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आरोपी आफताब - फोटो : सोशल मीडिया
मनोचिकित्सक दोस्त दो बार महरौली स्थित घर गई
श्रद्धा हत्याकांड के बाद बंबल डेटिंग एप के जरिये आफताब की दोस्ती मनोचिकित्सक महिला से हुई। दो अक्तूबर को पहली बार महिला आफताब के छतरपुर स्थित फ्लैट पर पहुंची। उसको नहीं पता था कि उस समय फ्रिज में आरोपी ने श्रद्धा का सिर और धड़ का हिस्सा रखा हुआ है। बाद में जब अगली बार 12 अक्तूबर को महिला दोबारा वहां पहुंची तो आरोपी ने उसे श्रद्धा की अंगूठी तोहफे में दी, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है। महिला का कहना है कि वह महज दो बार ही आफताब से मिली। जांच के दौरान पुलिस को पता चला है कि आफताब के कई महिलाओं से संबंध थे। पुलिस उनका भी पता लगाने का प्रयास कर रही है।
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