देहरादून शहर का सुंदर दृश्य
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बिष्ट गांव से चंद्रोटी तक टौंस बनेगी नया टूरिस्ट डेस्टिनेशन
प्राकृतिक वादियों के बीच बिष्ट गांव से चंद्रोटी तक टौंस नदी का पांच किलोमीटर तट अब दून में पर्यटकों के लिए नया डेस्टिनेशन होगा। पर्यटन विभाग नदी तट के इस हिस्से को विकसित करने की योजना बना रहा है। नदी तट पर वॉकिंग पाथ, पार्किंग, फूड क्योस्क, छोटे-छोटे तालाब आदि बनाए जाएंगे। शिवालिक की पहाड़ियों के बीच बसा देहरादून अपनी प्राकृतिक खूबसूरती के लिए विश्व में प्रसिद्धि है। सहस्रधारा, गुच्चूपानी, मालदेवता, लच्छीवाला, झड़ी पानी सहित यहां कई ऐसे पर्यटन स्थल हैं, जिनका लुत्फ उठाने प्रत्येक वर्ष हजारों पर्यटक आते हैं। यह अलग बात है कि 20 सालों में इन पर्यटन स्थलों को प्रदेश सरकार और पर्यटन विभाग ठीक से विकसित नहीं कर पाया है। आज भी पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों को मूलभूत सुविधाओं, पार्किंग, बैठने, पेयजल, सड़क, शौचालय आदि की समस्या से जूझना पड़ता है। इन पर्यटन स्थलों के अलावा भी दून में कई स्थान रोमांच और आकर्षण से भरपूर है, अगर इन्हें विकसित किया जाए तो यह आने वाले दिनों में पर्यटकों को स्वत: ही अपने और आकर्षित करेंगे। इसी प्रयास के तहत पर्यटन विभाग ने अब बिष्ट गांव से चंद्रोटी तक टौंस नदी के लगभग पांच किलोमीटर हिस्से को नए पर्यटन वाटर डेस्टिनेशन के रूप में विकसित करने का खाका तैयार किया है। पर्यटन विभाग के मुताबिक नदी के दोनों तरफ सिंचाई विभाग और राजस्व की काफी भूमि है। नदी तट को विकसित करने के लिए गांवों के लोगों से भी बातचीत हो गई है। उन्हें समिति बनाकर सहस्रधारा की तरह इसका संचालन करने को कहा गया है। फिलहाल 15 लाख का बजट इसके लिए रखा गया है।