उत्तराखंड के उत्तरकाशी में दो जगह बादल फटने से भारी तबाही हुई है। रविवार रात मांडों गांव में घरों में मलबा घुसने से एक परिवार की दो महिलाओं और एक बच्ची की मौत हो गई। जबकि, चार अन्य लोग घायल हो गए। जिला अस्पताल में भर्ती घायलों की हालत खतरे से बाहर है।
वहीं, कंकराड़ी गांव में बादल फटने से आवासीय भवनों के साथ कृषि भूमि तबाह हुई है। गांव का एक युवक लापता है। एसडीआरएफ, एनडीआरएफ व पुलिस बल की ओर से खोज और बचाव का काम जारी है।
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जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में रविवार शाम छह बजे से मूसलाधार बारिश शुरू हुई। बारिश के बीच मुख्यालय से दो किलोमीटर दूरी पर स्थित मांडों गांव में रात करीब साढ़े आठ बजे बादल फट गया। कुछ ही देर में इतना पानी बरसा कि गांव के बीच से गुजरने वाला गदेरा (नाला) उफान पर आ गया।
ग्रामीण कुछ समझ पाते उससे पहले पानी के साथ बहकर आया मलबा घरों में घुस गया। घटना की सूचना पर पहुंची एसडीआरएफ, पुलिस व आपदा प्रबंधन विभाग की टीम ने सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया।
टीम ने मलबे की चपेट में आने से घायल गणेश बहादुर, रविंद्र व रामबालक को बाहर निकाला। वहीं देर रात मलबे से माधुरी (42) पत्नी देवानंद, रितु (38) पत्नी दीपक व उनकी बेटी ईशू (6) के शव बरामद हुए। माधुरी रिश्ते में रितु की जेठानी थीं।