फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पेड़ों को बचाने सड़कों पर उतरे युवा: 'दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस वे' की भेंट चढ़ेंगे 11 हजार पेड़, पर्यावरण प्रेमियों का राजधानी में विरोध प्रदर्शन

Mon, 11 Apr 2022 08:41 AM IST
रेनू सकलानी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
1 of 5
पेड़ बचाओ अभियान - फोटो : अमर उजाला
दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के निर्माण में 11 हजार पेड़ों की बलि चढ़ेगी। संयुक्त नागरिक संगठन के पदाधिकारियों ने प्रेस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए यह बात कही। चारधाम परियोजना के लिए लगातार कट रहे जंगलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने हाईपावर कमेटी गठित की गई थी, जिसके अध्यक्ष रवि चोपड़ा ने इसी साल फरवरी में इस्तीफा दे दिया था।

उन्होंने ऑल वेदर रोड प्रोजेक्ट के निर्माण में लगातार पर्यावरण को पहुंचाए जा रहे नुकसान के विरोध में ऐसा किया था। रविवार को संयुक्त नागरिक संगठन के बैनर तले विभिन्न संगठनों से जुड़े लोगों ने खासतौर पर युवाओं ने आशारोड़ी में प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया। उन्होंने कहा कि ज्यादातर लोग दिल्ली का सफर करने के लिए हाल ही में निर्मित हरिद्वार एक्सप्रेसवे का निर्माण करते हैं। ऐसे में यात्रा का समय घटाने के नाम पर 11 हजार पेड़ों के कत्ल की अनुमति नहीं दी जा सकती है।
विज्ञापन

2 of 5
पेड़ बचाओ अभियान - फोटो : अमर उजाला
रवि चोपड़ा ने आरोप लगाया कि केंद्रीय सड़क परिवहन को लेकर कैबिनेट मंत्री नितिन गडकरी को सही जानकारी नहीं दी जा रही है। चोपड़ा ने जरूरत से ज्यादा चौड़ी सड़कों का निर्माण किए जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जिस तरह से पहाड़ का कटान किया जा रहा है, उससे आने वाले समय में भीषण तबाही हो सकती है।
विज्ञापन

3 of 5
पेड़ों को बचाने के लिए सामाजिक संगठन हुए एकजुट - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने पेड़ों के ट्रांसप्लांट को अव्यवहारिक बताया। सड़क कटान के लिए जब जंगल काटा जाता है तो वहां घास, झाड़ियां, झरने, पानी के स्रोत, जीव जंतु, पेड़ पौधे सब समाप्त हो जाते हैं और पूरा इको सिस्टम तबाह हो जाता है। एलिवेटेड सड़क इसका एक विकल्प हो सकता है।

4 of 5
पेड़ बचाओ अभियान - फोटो : अमर उजाला
रविवार को देहरादून की कई संस्थाओं ने आशा रोड़ी चेक पोस्ट पर पहुंचकर बन रहे चार लेन मोटर मार्ग जिसमें लगभग 4200 पेड़ों को काटा जा रहा है यहां पहुंच कर नुक्कड़ नाटक, पोस्टर दिखा कर अपना विरोध सरकार के खिलाफ जाहिर किया। 

ये भी पढ़ें...सरकार और अफसरशाही के बीच छिड़ा द्वंद्व:  हरीश रावत ने कहा- ब्यूरोक्रेसी में पहले तमाम खामियां थीं, अब सबको किया जा रहा चुस्त-दुरुस्त
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
पेड़ बचाओ अभियान - फोटो : अमर उजाला
प्राउड पहाड़ी संस्था के स्टेट कोऑर्डिनेटर प्रकाश नेगी ने कहा कि हम विकास के साथ है, लेकिन अंधे विकास के खिलाफ हैं। हम सभी को अपने पर्यावरण के प्रति जागरूक होना होगा और सरकार को भी इस विषय पर सोचना होगा। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें