शम्सी
- फोटो : BCCI
इस फाइनल के दो महीने बाद शम्सी ने एक वीडियो साझा किया, जिसमें फील्डर बाउंड्री लाइन पर एक करीबी कैच लेता है। हालांकि, कैच सही तरीके से लिया गया है कि नहीं, इसकी जांच करने के लिए बल्लेबाज बाउंड्री लाइन की ओर दौड़ता है और रस्सी का उपयोग करके यह जांचता है कि फील्डर ने सीमा रेखा पर कदम रखा है या नहीं। काफी लंबे समय तक निरीक्षण और विवाद के बाद पाया गया कि कैच स्पष्ट नहीं था इसलिए बल्लेबाज को नॉटआउट दिया गया। इस वीडियो के कैप्शन में शम्सी ने तंज कसते हुए लिखा कि सूर्यकुमार यादव के कैच के दौरान भी इस तरीके का इस्तेमाल किया जाना चाहिए था। ऐसे में फैसला मिलर के पक्ष में हो सकता था। शम्सी ने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा, 'अगर मैच अधिकारी विश्व कप फाइनल में कैच की जांच करने के लिए इस तरीके का इस्तेमाल करते तो शायद वह नॉट आउट होते।'