सदन की कार्यवाही के दौरान विधायकों ने प्रस्ताव की प्रतियां फाड़ दी। मामले को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्षियों में जबरस्त ठन गई। तस्वीरों में मामला।
विज्ञापन
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
2 of 7
लुधियाना से आजाद विधायक बैंस बंधुओं बलविंदर सिंह बैंस व सिमरनजीत सिंह बैंस ने पंजाब विधानसभा सदन में मुद्दा उठाया कि उनके सवालों को सदन के पटल पर नहीं लाया गया। इसका समर्थन करते हुए कांग्रेसी विधायक बलबीर सिद्धू ने कहा कि अहम मुद्दे सदन में नहीं लाए जाते।
विज्ञापन
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
3 of 7
प्रश्नकाल समाप्त होने को था, लेकिन सूची में अपना सवाल न दिखने पर बलविंदर सिंह बैंस ने कहा कि उन्होंने कुछ सवाल प्रस्तुत किए थे, लेकिन यह सदन में नहीं रखे गए। आखिरकार खिन्न होकर बैंस बंधुओं ने सदन में लाए गए प्रश्नों की कापियां भी फाड़ दीं।
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
4 of 7
हालांकि विधानसभा अध्यक्ष चरणजीत सिंह अटवाल ने स्थिति स्पष्ट की कि सवाल सदन में लाने के मामले में पक्षपात नहीं होता। वह फिर भी देखेंगे कि कहीं कोई चूक तो नहीं हुई। इस पर सिरमनजीत सिंह बैंस ने कहा कि सवाल तीन महीने पहले दिए गए थे तो सदन में इन्हें क्यों नहीं लाया गया। उन्होंने आजाद विधायकों से पक्षपात का आरोप लगाया।
विज्ञापन
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
5 of 7
दूसरी ओर, प्रस्ताव छीनकर फाड़ने का मुद्दा विधानसभा में गरमा गया। जहां कांग्रेस ने इसे पार्टी का अंदरूनी मामला बताते हुए इसे सुलझा लेने की बात कही, वहीं संसदीय कार्यमंत्री मदन मोहन मित्तल ने विधानसभा के सदस्य की सुरक्षा पर विचार करने का प्रस्ताव सदन में रख दिया। इस बीच विधानसभा अध्यक्ष डॉक्टर चरणजीत सिंह अटवाल ने जांच के लिए यह मुद्दा प्रिविलेज कमेटी को भेज दिया है।
विज्ञापन
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
6 of 7
कांग्रेस हाईकमान में विधायकों की आस्था से जुड़े एक प्रस्ताव पर सेखड़ी ने बुधवार को कुछ विधायकों के हस्ताक्षर करा लिए थे, लेकिन सदन के बाहर कांग्रेस के ही दो विधायकों ने उनसे यह प्रस्ताव छीनकर फाड़ दिया। इस घटनाक्रम के बाद सेखड़ी ने स्पीकर से अपनी सुरक्षा की गुहार लगाई थी।
Pics: सदन में फाड़ी प्रस्ताव की प्रतियां, विपक्ष का बवाल
7 of 7
सूचना व प्रसारण मंत्री बिक्रमजीत मजीठिया ने सेखड़ी की ओर से सुरक्षा मुहैया कराने की मांग का मुद्दा सदन में उठाया। स्पीकर ने कहा कि यदि सेखड़ी उनके साथ दुर्व्यवहार करने वाले सदस्यों का नाम लिखित में देते हैं तो विचार किया जा सकता है। सेखड़ी की ओर से कांग्रेसी विधायकों रमनजीत सिंह सिक्की और संगत सिंह गिलजियां का नाम सदन में लेते ही सत्ता पक्ष के कई विधायक एकजुट हो गए और कांग्रेस पर आरोपों की बौछार की।