सारागढ़ी गुरुद्वारा
- फोटो : फाइल फोटो
अगस्त 1897 में लेफ्टिनेंट कर्नल जॉन हॉटन के नेतृत्व में 36 सिख रेजीमेंट की पांच कंपनियों को ब्रिटिश भारत (अब खैबर पख्तूनख्वा) की उत्तर-पश्चिम सीमा पर भेजा गया था और इन्हें समीर हिल्स, कुराग, संगर, सहटॉप धर और सारागढ़ी में तैनात किया गया था। यहां लोकहार्ट और गुलिस्तान दो किले थे और सारागढ़ी चौकी इनमें बीच में मौजूद थी। इस चौकी की कमांड हवलदार ईशर सिंह के अलावा नायक लाभ सिंह व लांस नायक चंद सिंह तथा 18 अन्य जवान कर रहे थे।