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गुरु बन महिलाओं और बच्चों की मासूमियत को इस तरह कुचला, नर्क से भी बदतर कर दी जिंदगी

Fri, 18 May 2018 07:59 AM IST
फीचर डेस्क, अमर उजाला
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Gloriavale founder Hopeful Christian
आज आपको एक ऐसे शख्स की कहानी बताएंगे जिसने लंबे समय तक धर्म प्रचार के नाम पर गुरु का चोला ओढ़कर महिलाओं और बच्चों पर ऐसे-ऐसे जुल्म ढहाए जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती। जी हां, वो महिलाओं के साथ दुष्कर्म करता था। उन्हें कैद करके रखता था। 
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Gloriavale
उसका सोचना था कि महिलाएं पुरुषों की तुलना में दोयम दर्जे की होती है। बच्चों को तो और भी नीचा दर्जा देता था। कोई गलती होने पर वो महिलाओं और बच्चों को बांध कर पीटता था। वह जब तक जिंदा रहा समाज में यूं हूी दुष्प्रचार फैलाता रहा। वो कहता था अगर किसी लड़की ने शादी से पहले सेक्स किया तो उसे नर्क में जाना होगा। वो छोटी बच्चियों की शादी उम्रदराज लोगों से जबरदस्ती करा देता था। यह भयावह कहानी यहां की लड़कियों ने बताई... 
 
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hopeful
दिल दहला देने वाले इस अत्याचारी शख्स का नाम होपफुल क्रिस्चियन है। होपफुल न्यूजीलैंड में एक धार्मिक समूह का लीडर था। उसकी काली करतूतों की खबर पुलिस को भी थी इसलिए वह हमेशा उस पर नजर बनाए रखती थी। बता दें मई में होपफुल 90 साल की उम्र में प्रोस्टेट कैंसर के कारण मर गया। इसके बाद उसके चंगुल में फंसी एक-एक कर कई लड़कियों ने अपनी आपबीती दुनिया को सुनाने की हिम्मत दिखाई।  

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gloriavale religious cult
इससे परले भी होपफुल के खिलाफ कई मामले सामने आ चुके थे। इसकी शुरुआत उस वक्त हुई जब इस कम्यूनिटी के कुछ पूर्व सदस्यों ने होपफुल के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। होपफुल की मौत के बाद एक महिला ने बताया कि समुदाय में महिलाओं की जिंदगी नर्क से भी बदतर थी। धर्म के नाम पर होपफुल महिलाओं और बच्चों का यौन शोषण करता रहा। 
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Yvete Olsen
यवेते ओलसेन नामक एक महिला ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा जब वह 19 साल की थी तब उस हैवान ने तीन बार उसका यौन शोषण किया। वो बहुत घिनौना आदमी था। होपफुल पर एक और लड़की ने आरोप लगाया है कि उसने थेरेपी के नाम पर उसके साथ दरिंदगी की हदें पार कर दी। 
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daughters of gloriavale
गौरतलब हो होपफुल ग्लोरियावेल नामक एक धार्मिक संस्था चलाता था, जिसकी स्थापना उसने 1969 मे की थी। होपफुल मूल रूप से ऑस्ट्रेलिया का था और 1969 में ही न्यूजीलैंड चला आया था। ग्लोरियावेल समुदाय में आज भी 550 लोग रहते हैं। यहां महिलाओं को पुरुषों की दासी बनकर रहना पड़ता है। इनका पूरा जीवन पुरुषों की सेवा में गुजर जाता है।

 
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granddaughter Lilia Tarawa
इस समुदाय में रहने वाली महिलाओं को अपना चेहरा ढके रहने के साथ कई कड़े नियमों को मानना पड़ता है। सबसे ज्यादा हैरान कर देने वाली प्रथा है यहां जबर्दस्ती शादी कराई जाती रही है। खुद होपफुल की पोती लिलिया ट्रावा ने बताया कि उसे बचपन से बरगलाया जाता रहा। उससे कहा जाता था कि अगर शादी से पहले सेक्स किया तो नर्क जाओगी। अगर गलती से भी खाने की कोई चीज चुरा ली तो हाथ काटने पड़ेंगे। इन चीजों से तंग आकर लिलिया समुदाय को छोड़कर भाग गईं थी। इस समुदाय से अलग होने के तकरीबन 9 साल बाद उसने एक किताब भी लिखी। किताब का नाम 'Daughter of Gloriavale - My life in a Religious Cult' है। यह किताब बेहद चर्चा में आई क्योंकि ट्रावा ने इस किताब में समुदाय से जुड़े कई चौंका देने वाले खुलासे किए थे।
 
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