Ajab-Gajab: वर्तमान समय में भारत में लोग प्राचीन भाषाओं को छोड़कर हिंदी और अंग्रेजी में अधिक करते हैं। हालांकि, अभी भी कई ऐसी जगहें हैं, जहां पर लोग संस्कृत में बात करते हैं। भारत में संस्कृत का इतिहास काफी पुराना है। संस्कृत से कई भाषाओं को जन्म हुआ है, जिन्होंने लोगों के अपनी जगह बना ली है। हालांकि, संस्कृत धीरे-धीरे लोगों के बोलचाल से गायब हो गई। अब आमतौर पूजा-पाठ के मंत्रों में संस्कृत भाषा का इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि, भारत के कुछ गांवों में अभी भी संस्कृत भाषा ही बोलचाल की मुख्य भाषा है।
महर्षि पाणिनी संस्कृत भाषा के जनक थे। माना जाता है कि भारत में प्राचीन समय संस्कृत ही बोलचाल की भाषा थी। फिर धीरे-धीरे संस्कृत से निकली भाषा अपनी जगह बना लीं। आज हम आपको पांच ऐसी जगहों के बारे में बताते हैं, जहां आज भी बोलचाल की भाषा संस्कृत है।