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Ajab-Gajab: भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा, जानिए क्या है इसका इतिहास

Thu, 03 Oct 2024 07:54 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला
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भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा - फोटो : Adobe Stock
Ajab-Gajab: हर इंसान अपने घर-परिवार की खुशहाली और सुख समृद्धि के लिए भगवान से प्राथना करता है। परेशानियों से छुटकारा पाने के लिए लोग ईश्वर की शरण में जाते हैं। लेकिन भारत में एक ऐसा मंदिर है, जहां पर लोग अनोखी मन्नत मांगते हैं। मंदिर के बारे में मान्यता है कि यहां आकर दर्शन भगवान को हवाई जहाज चढ़ाने से जल्द वीजा मिल जाता है। 

यह हम सभी जानते हैं कि किसी भी व्यक्ति को विदेश यात्रा के लिए पासपोर्ट और वीजा की आवश्यकता होती है। वीजा मिलना एक कठिन प्रक्रिया है। लोगों को अलग-अलग देशों के वीजा पाने में कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता है। लोगों की आस्था है कि इस मंदिर के दर्शनमात्र से वीजा मंजूरी में आ रही समस्या हल हो जाती हैं और उनका विदेश जाने का सपना पूरा हो जाता है। 
 
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भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा - फोटो : Adobe Stock
यह मंदिर तेलंगाना में हैदराबाद से करीब 40 किलोमीटर दूर स्थित है, जिसे चिल्कुर बालाजी के मंदिर के नाम से जाना जाता है। लोग मानते हैं कि वीजा के लिए दूतावास के चक्कर लगाने से अच्छा है कि चिल्कुर बालाजी मंदिर के चक्कर लगाएं और हवाई जहाज चढ़ाएं। इससे वीजा मिलना आसान हो जाता है। इस मंदिर को वीजा वाले मंदिर के नाम से भी जाना जाता है।    
 
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भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा - फोटो : Adobe Stock
यहां पर लोग अच्छी नौकरी की मन्नतें भी लेकर आते हैं। ऐसी मान्यता है कि चिल्कुर बालाजी की 11 परिक्रमा करके मांगी गई मन्नत कभी खाली नहीं जाती है और जब भक्तों की मनोकामना पूरी हो जाती है तो वो यहां फिर आकर बालाजी की 108 बार परिक्रमा करते हैं। 

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भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा - फोटो : Adobe Stock
यह मंदिर 500 साल पुराना है और इतिहास काफी रोचक है। वेंकटेश बालाजी के एक भक्त रोजाना कई किलोमीटर पैदल चलकर उनके दर्शन के लिए तिरुपति बालाजी के मंदिर आते थे। लेकिन एक दिन उनकी तबीयत खराब हो गई, जिससे वो मंदिर नहीं जा पाए। ऐसे में बालाजी खुद अपने भक्त के सपने में आए और बोले कि तुम्हें मेरे दर्शन के लिए इतनी दूर जाने की जरूरत नहीं है, मैं यही तुम्हारे पास वाले जंगल में रहता हूं। 

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भारत के इस मंदिर में हवाई जहाज चढ़ाने पर जल्द मिलता है वीजा - फोटो : Adobe Stock
इसके बाद अगले जब बालाजी के भक्त भगवान की बताई जगह पर गए तो उन्हें वहां उभरी हुई भूमि दिखाई दी। इसके बाद भक्त ने वहां जमीन की खुदाई की तो वहां से खून जैसा निकलने लगा और तभी आकाशवाणी हुई कि इस भूमि को दूध से नहलाकर यहां एक मूर्ति की स्थापना की जाए। भक्त ने भी आकाशवाणी के मुताबिक, वहां बालाजी की मूर्ति की स्थापना कर दी। आज यही मंदिर चिल्कुर बालाजी के नाम से मशहूर है। 
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