बृश्चिक राशि 2021
तो, न, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू
वर्ष पर्यंत शनिदेव का राशि से पराक्रम भाव में गोचर करना आपके लिए किसी वरदान से कम नहीं है क्योंकि ये अकेले ही आपकी सभी परेशानियों का शमन करने में अग्रणी भूमिका निभाएंगे। यह भी संभव है कि परिवार के वरिष्ठ सदस्यों अथवा भाइयों से मतभेद रहे किंतु, इसे ग्रह योग समझकर बढ़ने न दें। काफी दिनों से प्रतीक्षित पड़े कार्य संपन्न होंगे। राशि स्वामी मंगल स्वराशि में गोचर करते हुए शत्रु भाव में विराजमान हैं, इसलिए शत्रु परास्त होंगे और कोर्ट कचहरी के मामलों में भी निर्णय आपके पक्ष में आने के संकेत है।