शनि देव
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ज्योतिष में शनि ग्रह
ज्योतिष शास्त्र में शनि नौ ग्रहों में से सातवां ग्रह है। शनि ग्रह को आयु, दुख, रोग, पीड़ा, विज्ञान, तकनीकी, लोहा, खनिज तेल, कर्मचारी, सेवक, जेल आदि का कारक माना जाता है। शनि की चाल सबसे धीमी है। अत: शनि के गोचर की अवधि ढाई बरस की होती है। यानि यह एक राशि से दूसरी राशि में जाने का समय ढाई वर्ष का होता है। यह सभी राशियों को अपनी ढैय्या और साढ़ेसाती, गोचर, मार्गी एवं वक्री चाल से प्रभावित करता है।