ढाठरथ गांव में ग्रामीणों ने शनिवार रात गांव के श्मशान घाट से एक व्यक्ति को तांत्रिक क्रिया करते हुए रंगे हाथों काबू किया है। तांत्रिक को काबू करने के बाद वहां मौजूद लोगों ने उसकी जमकर धुनाई की। उसके बाद लोग उसे गांव के चौराहे पर ले गए। जहां पर उसका मुंह काला करके तथा जूते की माला पहनाकर पूरे गांव में घुमाया गया। ग्रामीणों ने मामले की सूचना पुलिस को दी। सूचना पाकर सफीदों व पिल्लूखेड़ा प्रभारी दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी तांत्रिक को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी तांत्रिक की पहचान गांव ऐंचरा कलां हाला आबाद राजनगर जींद के धर्मराज के रूप में हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि उनके गांवों में पिछले महीने कई मौतें हो चुकी है। मृतक के दाह-संस्कार के दौरान शव पूरी तरह से जल नहीं पा रहे थे। ग्रामीणों को शक था कि उनके गांव के श्मशान को किसी तांत्रिक द्वारा तंत्र विद्या द्वारा बांध दिया गया है। ग्रामीणों ने इस शक के आधार पर गांव के श्मशान घाट पर विशेषकर रात को ठीकरी पहरा देना शुरू कर दिया था। इस पहरे में विशेषकर युवाओं की तैनाती की गई थी। इस पहरे की सफलता ग्रामीणों को नौवें दिन उस समय मिली जब उन्होेंने इस श्मशान घाट में तंत्र विद्या करते हुए ऐंचरा कलां गांव के धर्मराज को पाया। ग्रामीणों ने धर्मराज के पास से तंत्र विद्या की सामग्री बरामद की। तंत्र विद्या करते हुए धर्मराज को पाकर ग्रामीण आग बबूला हो गए और उसकी शमशान में ही धुनाई कर डाली। उसके बाद उसे ग्रामीण उसे गांव के मुख्य चौराहे पर ले गए और उसका मुंह काला करके व गले में जूतों की माला पहनाकर उसे पूरे गांव में घुमाया।
बॉक्स दो महिलाओं ने किया सहयोग
धर्मदत्त ने ग्रामीणों के सामने माना की इस सारे प्रकरण में गांव की दो महिलाओं ने भी उसका सहयोग किया है तथा उनके कहने से ही वह यह तांत्रिक विद्या कर रहा था। तांत्रिक क्रिया करने में महिलाएं उन्हें पूरा सहयोग देती थी और इस तरह की क्रिया वह कई बार कर चुका है। ग्रामीणों का कहना था कि श्मशान घाट में तांत्रिक क्रिया करने से उनकी भावनाएं आहत हुई हैं। सिद्धी प्राप्त करने के लिए तांत्रिक इस प्रकार की क्रियाएं करते हैं यहां तक की मृतक आत्माएं भी अशांत होती हैं।
धर्मदत्त की गतिविधियों से परिजन भी परेशान
धर्मदत्त की तांत्रिक क्रियाओं से उसके परिजन भी परेशान हैं। धर्मदत्त के पकड़े जाने की सूचना पाकर मौके पर पहुंची उसकी सास सुमित्रा ने बताया कि तीन भाइयों में सबसे बड़ा धर्मराज है। कई सालों से तांत्रिक क्रिया कर रहा था। उसकी सास सुमित्रा ने रोते-रोते पुलिस को आप बीती बताते हुए बताया कि अचानक दो साल पहले धर्मराज का संपर्क दो लड़कियों के साथ हुआ उसके बाद से धर्मराज चिड़चिड़ा व गुस्सैल होता चला गया। उन्होंने बताया कि यहां तक की धर्मराज अपनी बीबी बच्चें को भी भुलाना चाहता था और अकसर उनके साथ झगड़ा करता रहता है।