मुरादाबाद में मूंढापांडे में रामपुर हाईवे पर दिल्ली के चार दोस्तों से हुई कार लूट की वारदात को पुलिस गंभीरता से नहीं ले रही है। चोरी में मुकदमा दर्ज करके उसमें एफआर लगाने की कोशिश की जा रही है। शुक्रवार को वारदात का शिकार हुए एक छात्र ने पुलिस अफसरों से कार्रवाई की मांग की।
दिल्ली के नजफगढ़ निवासी एमसीडी कर्मी सुरेश कुमार का बेटा और बीसीए का छात्र अजय कुमार तीन जुलाई को अपने दोस्तों राहुल पुत्र रमेशचंद्र, मामा के बेटे राहुल पुत्र जगदीश और गौरव के साथ नैनीताल घूमने निकले थे। दिल्ली से शाम आठ बजे वह राहुल की आर्टिगा कार से चले। रात करीब तीन बजे मूंढापांडे में दलपतपुर के पास उन्होंने एक ढाबे के पास कार रोकी।
अजय ने बताया कि तभी चार-पांच हथियारबंद युवक आए और उन्होंने सभी को गन प्वाइंट पर ले लिया। विरोध करने पर मारपीट की। बंधक बनाकर बदमाशों ने सभी को एक नाले के पास डाल दिया और कार, सभी की जेब से पर्स, मोबाइल लेकर फरार हो गए।
वारदात के बाद सुबह चारों दोस्त किसी तरह मूंढापांडे थाने पहुंचे। लेकिन आरोप है कि पुलिस ने मामला केवल चोरी में दर्ज करके टरका दिया। अब तक कार का पता नहीं लगा। न ही बदमाश पकड़े गए। एसओ मूंढापांडे ने कहा कि युवकों ने जो तहरीर दी, उसी के अनुसार मुकदमा लिखा गया है। जांच की जा रही है।
लूट बताने पर दरोगा ने धमकाया
पीड़ित चारों दोस्तों ने थाने पहुंचकर लूट की जानकारी दी, लेकिन मौजूद दरोगा ने उन्हें धमका दिया। अजय ने कहा कि दरोगा ने खुद ही बैठकर तहरीर लिखवाई। इसमें लूटपाट और मारपीट की बात नहीं लिखवाई गई। बाद में मुकदमे की कापी देकर भेज दिया गया।