आगरा में दहतोरा के लाल क्वार्टर में दलित छात्रा के साथ गैंगरेप मामले में प्रेमी समेत चारों आरोपियों को थाना सिकंदरा पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। प्रेमी ने छात्रा से पीछा छुड़ाने के लिए उसे साथियों के हवाले कर दिया था। बालकनी से कूदने के कारण छात्रा के एक पैर में फ्रैक्चर हुआ है। सरकारी अस्पताल में उसका उपचार चल रहा है।
बताते चलें, जगदीशपुरा की 19 वर्षीय छात्रा के प्रेम संबंध दहतोरा के आकाश राजपूत से थे। छात्रा ने पुलिस को बताया था कि वह मंगलवार शाम को आकाश से मिलने उसकी मुंहबोली दीदी के घर गई थी। दीदी उसे आकाश के घर लेकर गई।
आकाश उसे लाल क्वार्टर के तीसरी मंजिल स्थित खाली मकान में ले गया था। यहां छात्रा ने आकाश के साथ समय बिताना चाहती थी, लेकिन आकाश ने चले जाने को कहा। वह जिद करने लगी तो पीछा छुड़ाने को अपने तीन साथियों को बुला और छात्रा को उनके हवाले करके चला गया था।
एसएसपी शलभ माथुर ने बताया कि आकाश और छात्रा के बीच तकरीबन दो साल से दोस्ती थी। जब छात्रा ने आकाश पर शादी करने का दबाव बनाया तो उसने अपना पीछा छुड़ाने के लिए दहतोरा के नरेंद्र सिंह, छोटू और मोनू को बुला लिया। पहले आकाश ने छात्रा के साथ दुराचार किया, इसके बाद उसके दोस्तों ने। छात्रा जान बचाने को क्वार्टर की दूसरी मंजिल की बालकनी से कूद पड़ी थी।
सनसनीखेज घटना के बाद एसओ सिकंदरा आशीष कुमार को आरोपियों की गिरफ्तारी का टास्क सौंपा था। एसएसपी ने बताया कि घटना के संबंध में छात्रा के पिता ने बलात्कार व एससीएसटी एक्ट की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
‘असामाजिक तत्व आते-जाते हैं’
दहतोरा में एडीए के ईडब्ल्यूएस योजना के तीन मंजिला क्वार्टर हैं। ज्यादातर आवंटियों ने इन क्वार्टरों को मजदूर वर्ग के लोगों को किराए पर दे रखा है। छानबीन में पता चला कि आकाश अक्सर लाल क्वार्टर में अपनी मुंहबोली दीदी के घर पर उससे मिलता था। परचून की दुकान चलाने वाली एक महिला का कहना था कि क्वार्टरों के आवंटी तो यदा-कदा ही यहां आते हैं। चोर तमाम क्वार्टरों से लोहे की खिड़की, जंगले तक उखाड़़ ले गए हैं। अकसर ही असामाजिक तत्व यहां आते जाते हैं।
...तो वो मुझे मार देते
सरकारी अस्पताल में भर्ती युवती की दहशत में है। उसके माता-पिता ने बताया कि कुछ दिन पहले ही फतेहपुरसीकरी में छात्रा के लिए रिश्ता देखा था। संबंध की बातचीत चल रही थी, लेकिन छात्रा बीए करना चाहती थी। छात्रा ने बताया कि अगर वह बालकनी से नहीं कूदती तो वे लोग उसे मार देते। उन्होंने अपने चौथे साथी को भी फोन कर दिया था।