पीयू विद्यार्थियों के लिए स्पांसरशिप का नया प्रपोजल तैयार किया जाएगा। पीयू कैंपस और एफिलिएटेड 190 कालेज में दी जाने वाली सालाना स्कॉलरशिप और उसकी राशि में इजाफा करना चाहती है, लेकिन पैसे की तंगी के कारण ऐसा नहीं हो पा रहा है।
विद्यार्थियों की मांग पर पीयू डीन कालेज डेवलेपमेंट काउंसिल (डीसीडीसी) की बैठक में 2014 से सालाना स्कॉलरशिप राशि को 25 से 30 लाख बढ़ाने का फैसला लिया गया है। स्पांसरशिप प्रपोजल के सिरे चढ़ने से पीयू के सैकड़ों गरीब विद्यार्थियों की मदद हो सकेगी।
22 मार्च को पीयू सीनेट बैठक में आगामी सत्र से फीस इजाफे का विद्यार्थियों के विरोध पर कुलपति प्रो.अरुण कुमार ग्रोवर और अन्य सीनेटर ने जमकर मंथन किया। कुलपति ने कहा कि जरूरतमंद विद्यार्थियों को अधिक से अधिक स्कॉलरशिप और आर्थिक मदद मिलनी चाहिए।
सेक्टर-36 स्थित एमसीएम डीएवी कालेज प्रिंसिपल और सीनेटर डा.पुनीत बेदी ने सीनेट के सामने देश विदेश में बड़े पदों पर तैनात एल्युमनी (एनआरआई) और बड़े कारपोरेट बिजनेस हाउस से विद्यार्थियों की मदद का प्रपोजल भेजने की बात कही है।
पीयू कुलपति और अन्य सीनेटर नेे भी इस प्रस्ताव को काफी सराहा। मामले में कमेटी गठित कर पूरे प्रपोजल को सही तरीके से तैयार कर कुलपति के पास भेजा जाएगा।
स्पांसरशिप के लिए शुरू होगी नए वेबसाइट
देश विदेश में पीयू से जुड़े लोगों को स्कॉलरशिप स्पांसर के प्रति जागरूक करने के लिए पीयू वेबसाइट तैयार करेगा। इसपर अभी तक स्पांसर पूरी स्कॉलरशिप की जानकारी दी जाएगी। कोई भी रिश्तेदार के नाम पर स्कॉलरशिप स्पांसर कर सकता है।
पीयू से पढ़ाई पूरी कर चुके सैकड़ों एल्युमनी कनाडा, अमेरिका, इंग्लैंड जैसे देशों में बड़ा कारोबार कर रहे हैं। यूबीएस की सालाना एल्युमनी मीट में दुनिया भर से कारपोरेट हस्तियां शिरकत करने विदेशों से आती हैं।
पीयू को खूब दिया पैसा
पीयू के एल्युमनी और कारपोरेट वर्ल्ड ने पीयू को जमकर पैसा दिया है। साल भर पहले स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की ओर से यूनिवर्सिटी बिजनेस स्कूल (यूबीएस) के नए कैंपस के लिए 1 करोड़ रुपये दिए गए।
सेक्टर-25 स्थित डेंटल इंस्टीट्यूट निर्माण के लिए डा.हरवंश सिंह जज ने 2 करोड़ की राशि दी थी। पीयू एल्यूमनी और चंडीगढ़ सांसद पवन कुमार बंसल ने एमपीलैंड फंड से भी डेंटल इंस्टीट्यूट को 1 करोड़ दिए हैं।
कोट
पढ़ाई में होशियार और जरूरतमंद विद्यार्थियों की मदद के लिए पीयू को विदेशों में या बड़े पदों पर नियुक्त पीयू एल्युमनी को संपर्क करना चाहिए। कई बड़े कारपोरेट भी इस नेक काम में आगे आएंगे।
- डा.पुनीत बेदी (पीयू सीनेटर और एमसीएम डीएवी कालेज फॉर वुमन सेक्टर-36)