केंद्र सरकार डीजल की बिक्री के नियमों में बदलाव पर विचार कर रही है। पेट्रोलियम मंत्रालय बस, ट्रक और लग्जरी गाड़ियों को बाजार भाव पर डीजल देने का नियम बना सकता है।
एक रिपोर्ट के मुताबिक, सरकार ने डीजल के थोक और खुदरा बिक्री के नियमों को स्पष्ट बनाने का फैसला किया है। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री वीरप्पा मोईली ने बताया कि राज्यों में डीजल की खुदरा और थोक बिक्री को लेकर विवाद पैदा हो गया है।
उन्होंने बताया कि थोक खरीदारों के एक वर्ग ने खुदरा में डीजल खरीदना शुरू कर दिया है। इसे देखते हुए नियमों में बदलाव पर विचार हो रहा है ताकि थोक और खुदरा का विवाद खत्म हो और डीजल की काला बाजारी रुके।
पेट्रोलियम मंत्रालय ने नियमों को लेकर सुझाव देने के लिए ही पेट्रो कंपनियों की एक कमेटी बनाई है। ये कमेटी थोक व खुदरा खरीदारों के लिए डीजल के दो दामों से पैदा हुए विवाद को खत्म करने के लिए सुझाव देगी। बताया जा रहा है कि ये कमेटी बस, ट्रक और लग्जरी गाड़ियों को रिटेल पेट्रोल पंप पर भी बाजार भाव में डीजल देने की सिफारिश कर सकती है।