उमरिया के पाली थाना क्षेत्र में रिश्ते की बहन के साथ कुकर्म करने वाले एक युवक को अदालत ने 10 साल की सजा सुनाई है। प्रकरण के संबंध मे मिली जानकारी के अनुसार, विगत एक मार्च 2021 के दिन फरियादिया अपने भाई-भाभी के साथ मामा के गांव गई थी।
जहां घर पर उसको छोड़कर भाई-भाभी अपने ससुराल चले गए। दूसरे दिन शाम करीब पांच बजे दूर के रिश्ते में भाई मुन्ना बैगा निवासी ग्राम छतवई वहां पहुंचा तो किशोरी ने उससे गांव तक पहुंचाने के लिए कहा। इस पर मुन्ना उसे अपनी बाइक पर लेकर रवाना हो गया।
इसी बीच आरोपी ने जंगल में गाड़ी रोक दी और अंधेरे में पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। दोबारा गिरहनी के जंगल में फिर से आरोपी ने फरियादी के साथ वही कृत्य किया। जब उसने भागने की कोशिश की तो मुन्ना ने पीडि़ता को पकड़ लिया और कहा कि साथ नहीं चलोगी तो वह उसे मार डालेगा। मुन्ना बैगा द्वारा पुरनिया तालाब के पास उतारने पर फरियादिया भागकर रात करीब 10 बजे गांव पहुंची और अपने भाई को घटना के बारे में बताया।
पीड़िता की सूचना पर थाना पाली में आरोपी के विरूद्ध धारा-376, 376 (2), (एन), 294, 323, 506, 376 (2), (च) तथा धारा 5 एल/6 पॉक्सो एक्ट का अपराध दर्ज किया गया। प्रकरण के सूक्ष्म परिशीलन के उपरांत अपराध सिद्ध पाए जाने पर विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) एवं तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश रामसहारे राज ने मुन्ना बैगा को धारा-366 में पांच वर्ष का कठोर कारावास और 500 रुपये का अर्थदण्ड तथा धारा-376 (2), (एन) में 10 वर्ष का कठोर कारावास एवं 500 रुपये की सजा सुनाई है। प्रकरण में राज्य की ओर से विशेष लोक अभियोजक बीके वर्मा द्वारा पैरवी की गई।