मध्यप्रदेश को टाइगर स्टेट का दर्जा दिया गया है। जहां उसमें उमरिया जिले की बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व क्षेत्र की अहम भूमिका है। जहां विश्व प्रसिद्ध बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में टूरिज्म का एक अक्तूबर से प्रारंभ हो रहा है।
बांधवगढ टाइगर रिजर्व पार्क में चार माह बाद पुनः एक अक्तूबर को पर्यटन प्रारंभ होगा। पर्यटन प्रारंभ होने के पूर्व पर्यटकों को सफारी कराने वाले गाइड टूरिस्ट को बेहतर तरीके से वन्यजीव एवं यहां की जैव विविधता के बारे में प्रशिक्षण एक्सपर्ट बुलाकर दिया गया है। आने वाले एक अक्तूबर से बांधवगढ टाइगर रिजर्व में पर्यटक बाघों का दीदार अब कर सकेंगे।
बाघों के गढ़ कहे जाने वाले बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में गाइडों के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण इको ताला सेंटर में संपन्न हुआ। प्रशिक्षण में पुणे से आए वाइल्ड लाइफ एक्सपर्टों ने सभी गाइडों को महत्वपूर्ण जानकारी दी है। बाघ, तेंदुआ और गौर सहित अन्य वन्यजीव एवं जैव विविधता के बारे में खास जानकारी दी गई, जिससे वे सफारी के दौरान टूरिस्ट को अच्छी तरह से बांधवगढ़ के बारे में बता सकें।
वहीं, इस पूरे मामले को लेकर डिप्टी डायरेक्टर बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व पीके वर्मा ने बताया कि एक अक्तूबर से टूरिज्म प्रारंभ होगा। इसके पूर्व पूणे से आए विशेषज्ञों द्वारा गाइडों को प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद गाइड बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में देश एवं विदेश से घूमने आने वाले टूरिस्टों को जंगल एवं वन्य जीवों के बारे में अच्छे तरीके से जानकारी दे सकेंगे।