उज्जैन जिले में अवैध गतिविधियों और संदिग्ध मामलों पर नकेल कसते हुए उज्जैन पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने चेकिंग के दौरान तांबे के चूरे स्क्रैप से भरे पांच लोडिंग वाहनों को पकड़ा है। जब्त किए गए वाहनों और उनमें भरे माल की कुल अनुमानित कीमत लगभग दो करोड़ रुपये आंकी गई है।
पुलिस को मिली खास सूचना के आधार पर रणकेश्वर मंदिर के पास ब्रिज के नीचे यह कार्रवाई की गई। पकड़े गए पांचों टाटा एस लोडिंग वाहनों के चालकों से जब माल से संबंधित वैध बिल, बिल्टी और परिवहन दस्तावेज मांगे गए, तो वे कोई भी वैध कागजात या संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। इसके बाद चोरी के माल के संदेह में पुलिस ने माल और वाहनों को विधिवत जब्त कर लिया।
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बताया जाता है कि पुलिस ने श्री हरिओम धर्मकांटा पर टाटा एस (MP-09-AX-5704): वजन - 4,165 किलोग्राम, टाटा एस गोल्ड (नया वाहन, बिना नंबर): वजन - 2,335 किलोग्राम, टाटा एस गोल्ड (MP-09-AJ-2175): वजन - 4,035 किलोग्राम, टाटा एस गोल्ड (MP-09-BK-4988): वजन - 2,965 किलोग्राम, टाटा एस गोल्ड (MP-09-BR-4162): वजन - 3,075 किलोग्राम है पांचों वाहनों का कुल ग्रॉस वजन 16,575 किलोग्राम है, जिसमें लगभग 11 टन तांबे का स्क्रैप (कीमत करीब 2 करोड़ रुपए) शामिल है।
पुलिस ने मौके से पांचों वाहन चालकों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान सुरेश पिता मोहनलाल सोलंकी (निवासी - इंदौर), राहुल पिता राधेश्याम चौहान (निवासी - इंदौर), शंकर पिता कैलाश सिंह ढाला (निवासी - इंदौर), रामकिशन पिता मांगीलाल पंवार (निवासी - इंदौर), विनायक पिता रमेश राठौर (निवासी - इंदौर) के रूप में हुई है। पुलिस ने सभी पांचों आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 303(2) एवं भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 35(1)(e)/106 के तहत इस्तगासा पंजीबद्ध कर लिया है। जब्त वाहनों और माल को थाने में सुरक्षित रखवाया गया है। फिलहाल पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि यह तांबे का चूरा कहां से लाया गया था और इसके तार किन चोरियों या अवैध नेटवर्क से जुड़े हैं।