मतपेटियों की सील टूटी होने को लेकर प्रदर्शन करते विधायक प्रत्याशी
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मध्य प्रदेश के उज्जैन में शनिवार को जिला कोषालय में डाक मत पत्र से भरी रखी पेटियों को मतगणना स्थल पर पहुंचाया जा रहा था। इस दौरान चुनाव अधिकारी और जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे। जैसे ही जिला कोषालय के दरवाजे खुले तो महिदपुर विधानसभा क्षेत्र की डाक मत पत्र की पेटी पर ताजी सील लगी हुई थी। यह देख वहां मौजूद प्रत्याशी के प्रतिनिधि हंगामा करने लगे। देखते ही देखते प्रतिनिधि भी वहां पर पहुंच गए और उन्होंने भी पेटियों पर लगी सील तोड़कर उनसे छेड़छाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पेटियों पर लगी सील को तोड़कर नई ताजी सील लगाई गई है।
'मतपेटियों की सील टूटना सामान्य प्रक्रिया है'
वहीं, कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम का कहना है कि डाक मत पत्र अभी भी लगातार आ रहे हैं। जैसे-जैसे वह आते हैं, उन्हें पेटियों में रखा जाता है। डाक रखने के लिए ताला खोलना पड़ता है और यह सामान्य प्रक्रिया है। लेकिन जब भी पेटियां खोली जाती है तो जनप्रतिनिधि को सूचना देने के बाद ही पेटी को खोला जाता है। कलेक्टर ने इस प्रक्रिया को सामान्य बताया।
'हमें मतपेटियां खोलने की कोई जानकारी नहीं दी गई'
इधर, जनप्रतिनिधियों का यह कहना है कि जब भी पेटियां खोली गईं, तब हमें इस बात की जानकारी नहीं दी गई। न ही हमें कोई फोन आया कि पेटियां खोली जा रही हैं। बहुत देर तक चले हंगामे के बाद जनप्रतिनिधियों ने पेटी का पंचनामा बनवाकर मामले की शिकायत चुनाव आयोग और कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष को करने की बात कही है। फिलहाल पंचनामे के बाद मामला शांत हुआ और मत पत्र की पेटियां जिला कोषालय से मतगणना स्थल पर पहुंचाई गईं। इस दौरान सुरक्षा की दृष्टि से भारी मात्रा में पुलिस जवान भी तैनात रहे।