साइबर ठगों ने दो अलग-अलग मामलों में दो नागरिकों को अपना शिकार बनाकर कुल 1.72 लाख रुपये ऐंठ लिए। जालसाजों ने एक घटना में बिना किसी ओटीपी के ही क्रेडिट कार्ड से 1.31 लाख रुपये निकाल लिए, जबकि दूसरे मामले में एक फर्जी लिंक पर क्लिक करते ही पीड़ित के बैंक खाते से 41 हजार रुपये गायब हो गए। पुलिस ने दोनों मामलों में प्राथमिकी दर्ज कर पड़ताल शुरू कर दी है।
बैंक बैलेंस के संदेश से ठगा
पहली घटना नयापुरा चंदेसरी क्षेत्र की है। यहां के रहने वाले 33 वर्षीय धर्मेंद्र बागवान को बैंक बैलेंस से जुड़ा एक संदेश मिला था। इस संदेश में एक लिंक दिया गया था और एक फॉर्म भरने के लिए कहा गया था। धर्मेंद्र ने जैसे ही उस लिंक पर क्लिक किया, उनके खाते से 41 हजार रुपये निकल गए। ठगी का पता चलने पर पीड़ित ने पुलिस से संपर्क किया, जिसके बाद नरवर थाना पुलिस ने मामला दर्ज किया है।
ये भी पढ़ें-
17 बांग्लादेशी नागरिकों का फर्जी पासपोर्ट बनवाने वाला मुख्य आरोपी गिरफ्तार, बिलासपुर से दबोचा
मोबाइल नंबर बदलकर निकाली रकम
साइबर ठगी का दूसरा मामला खजूरिया रेहवारी गांव से सामने आया है। यहां के निवासी सतीश परमार के क्रेडिट कार्ड से जुड़े पंजीकृत मोबाइल नंबर को ठगों ने बदल दिया। इसके बाद आरोपियों ने उनके क्रेडिट कार्ड से 1.31 लाख रुपये की राशि निकाल ली। सतीश को अपने पुराने मोबाइल नंबर पर आए संदेश से इस धोखाधड़ी की जानकारी मिली। पीड़ित ने तुरंत बैंक अधिकारियों और पुलिस को इस बात की शिकायत दी।
अनजान लिंक से सतर्कता की अपील
साइबर अपराध के बढ़ते मामलों को देखते हुए पुलिस ने नागरिकों से सतर्कता बरतने की अपील की है। पुलिस प्रशासन ने कहा है कि लोग किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने से बचें और व्हाट्सएप या अन्य सोशल मीडिया मंचों पर भेजी गई किसी भी एपीके फाइल को इंस्टॉल न करें। इसके अलावा, बैंकिंग से जुड़े किसी भी प्रकार के संदेश की पुष्टि सीधे अपनी बैंक शाखा से ही करें।