टीकमगढ़ जिले में वर्षा काल के दौरान जिले की नदियों से रेत खनन पर भले ही प्रतिबंध चल रहा हो, लेकिन माफिया लगातार रेत का अवैध खनन कर रहे हैं एक दो नहीं टीकमगढ़ जिले की निकली करीब 6 नदियों से अवैध खनन हो रहा है। टीकमगढ़ जिले की जतारा तहसील के अंतर्गत आने वाली उर नदी से खुलेआम अवैध खनन होता है। यहां पर दर्जन भर ट्रैक्टर नदी से रेत निकालकर खुलेआम बेच रहे हैं।
इस नदी के बगल से गुजरने वाला टीकमगढ़ जतारा मार्ग, जहां से प्रतिदिन एसडीएम तहसीलदार और खनिज विभाग के अधिकारी निकलते हैं, लेकिन आज तक एक भी कार्रवाई नहीं हुई, जबकि टीकमगढ़ जिले में पिछले एक साल से रेत का ठेका नहीं हुआ है। ऐसे में टीकमगढ़ शहर की सड़कों पर रेत से भरे ट्रैक्टर और ट्रक खुलेआम दौड़ते हैं, लेकिन उन पर ना तो पुलिस कार्रवाई करती है और न ही खनिज विभाग कोई कार्रवाई करता है। इससे स्पष्ट होता है कि कहीं न कहीं खनिज माफिया के इशारे पर जिला प्रशासन चल रहा है। माफिया दिन हो या रात नदियों से लगातार रेत निकाल कर के बाजार में महंगे दामों में बेच रहे हैं और जिम्मेदार विभाग और अधिकारी अनजान बने हुए हैं। खनिज विभाग के साथ पुलिस विभाग भी कोई कार्रवाई नहीं करता है
टीकमगढ़ जिले के खनिज अधिकारी प्रशांत तिवारी का कहना है कि जब भी कोई छापा मारने जाओ तो पुलिस बल नहीं मिलता है। इस संबंध में वह कई बार टीकमगढ़ कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को भी लिख कर दे चुके हैं, क्योंकि अगर पुलिस बल नहीं होता है तो खनिज माफिया उनके ऊपर हमला कर देते हैं। उन्होंने बताया कि आज से करीब एक साल पहले उनके ऊपर खनिज माफिया ने हमला कर दिया था। पुलिस बल उपलब्ध नहीं होता है, जिस कारण से कार्रवाई नहीं हो पाती है।