फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Politics: ब्राह्मणों के खिलाफ टिप्पणी करने वाले प्रीतम लोधी ने बढ़ाई बीजेपी की मुसीबत, आमरण अनशन पर बैठे

Sat, 22 Oct 2022 07:15 PM IST
अरविंद कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी

सार

मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले में बीजेपी से निष्कासित नेता प्रीतम लोधी इस समय किसानों की मांग को लेकर आमरण अनशन पर बैठे हुए हैं। पिछोर में चल रहे आमरण अनशन के दौरान प्रीतम लोधी ने बीजेपी की मुसीबत बढ़ा दी है।
विज्ञापन
आमरण अनशन पर बैठे - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पूर्व में ब्राह्मणों के खिलाफ दिए गए बयान को लेकर प्रीतम लोधी चर्चा में थे। इसके बाद उन्होंने विभिन्न स्थानों पर ओबीसी वर्ग और अन्य समाज के लोगों को मिलाकर आमसभाएं की। लेकिन अब पिछले दिनों बारिश के कारण कारण खराब हुई किसानों की फसलों के मुआवजे को लेकर प्रीतम लोधी धरने पर बैठे हुए हैं।

विज्ञापन


पिछोर में चल रहे आमरण अनशन के दौरान प्रीतम लोधी का कहना है कि किसानों की फसलें खराब हो गई हैं। अधिक बारिश के कारण सोयाबीन, धान और उड़द सहित अन्य खरीफ फसलों को नुकसान हुआ है। मध्यप्रदेश सरकार को इस नुकसान की भरपाई करना चाहिए। पिछोर में आमरण अनशन पर बैठे प्रीतम लोधी के साथ बड़ी संख्या में किसान, लोधी और अन्य समाज के लोग बैठे हैं।

पिछोर से बीजेपी के प्रत्याशी रहे हैं प्रीतम लोधी...
पिछोर विधानसभा क्षेत्र से बीजेपी ने दो बार प्रीतम लोधी को अपना प्रत्याशी बनाया है। लेकिन वह दोनों बार यहां से चुनाव हार गए। पिछले दिनों ब्राह्मणों के खिलाफ की गई टिप्पणी को लेकर प्रीतम लोधी को बीजेपी ने पार्टी से निष्कासित कर दिया है। इसके बाद वे पार्टी के खिलाफ विरोध में उतर आए हैं और लगातार अपने लोधी समाज और अन्य वर्ग, जिसमें ओबीसी समाज के लोगों को जोड़कर उनका समर्थन लेकर आमसभाएं कर रहे हैं। वह सीधे तौर पर बीजेपी के नेताओं को निशाना बना रहे हैं।
विज्ञापन


ओबीसी नेता भी प्रीतम के पक्ष में आए...
अंचल के कई ओबीसी नेता भी प्रीतम लोधी के समर्थन में आ गए हैं। ओबीसी महासभा के जिलाध्यक्ष प्रकाश रावत सहित गिर्राज धाकड़ और अन्य नेताओं का कहना है कि इस बार अतिवृष्टि से जो फसलें खराब हुई हैं। उनका शीघ्र मुआवजा किसानों को दिया जाए। साथ ही ओबीसी वर्ग की जो मांगे हैं, उन्हें शिवराज सरकार पूरा करे। ओबीसी वर्ग के नेताओं का कहना है, यदि शीघ्र उनकी मांगे नहीं मानी गईं तो आने वाले समय में विधानसभा चुनाव में बीजेपी को इसका नुकसान उठाना पड़ सकता है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें