मजदूर की हार्ट अटैक से मौत के बाद परिजनों ने फैक्ट्री के बाहर धरना दिया।
- फोटो : अमर उजाला
सतना जिले के मैहर में स्थित केजेएस सीमेन्ट प्लांट में हंगामा हो गया। एक मजदूर की हार्टअटैक से मौत के बाद परिजन फैक्ट्री के गेट पर शव रखकर धरने पर बैठ गए। उनका आरोप था कि मैनेजर की प्रताड़ना से जान गई है। रातभर हंगामा चलता रहा। सुबह विधायक पहुंचे और उन्होंने मृतक के परिजनों को 25 लाख से ज्यादा का मुआवजा और एक सदस्य को नौकरी दिलाने की बात की, तब धरना समाप्त हुआ।
जानकारी के अनुसार मामला सतना के जिले के मैहर स्थित केजेएस सीमेंट फैक्ट्री का है। यहां शुक्रवार की सुबह तकरीबन 11 बजे फैक्ट्री परिसर में एक मजदूर की हार्ट अटैक से मृत्यु हो गई। परिजनों ने आरोप लगाते हुए बताया कि मैनेजर की प्रताड़ना से श्रमिक की मौत हुई है। परिजनों ने तकरीबन 3 बजे तक अस्पताल में धरना दिया औऱ मैनेजर पर एफआईआर की मांग करने लगे।
घंटों प्रदर्शन चलने के बाद जब कोई भी नहीं आया तो अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शनकारी फैक्ट्री परिसर के बाहर शव रखकर धरने पर बैठ गए और पोस्टमार्टम कराने से मना कर दिया। रातभर धरने पर बैठे परिजनों की बात सुनने फैक्ट्री का कोई भी अधिकारी नहीं पहुंचा।
आक्रोश में आकर सभी श्रमिक अब फैक्ट्री परिसर के बाहर ही अंतिम संस्कार करने की तैयारी करने लगे। वहीं श्रमिकों की मानें तो उनके द्वारा मुआवजे के रूप में 27 लाख रुपये और घर के एक सदस्य को नौकरी देने की मांग की जा रही है। मगर फैक्ट्री के तरफ से कोई भी प्रतिक्रिया निकल सामने नही आई।
शनिवार सुबह जानकारी लगते ही सतना विधायक सिद्धार्थ कुशवाहा, मैहर युवा समाज सेवी विजय सिंह, अभिषेक पाण्डेय मौके पर पहुंचे। उन्होंने पहले मृतक के परिजनों से फिर फैक्ट्री में संबंधितों से चर्चा की। बाद में जानकारी दी कि मैहर केजेएस सीमेन्ट प्लांट में हुए श्रमिक हादसे निराकरण आज सुबह लगभग बीमा राशि सहित 25.5 लाख रुपये का मुआवजा देना पड़ा। मृतक के परिजनों को 23 लाख नकद, 2.5 लाख बीमा, 50000 हजार अग्नि संस्कार के लिए दिए जाएंगे। साथ ही परिवार के एक सदस्य को नौकरी मिलेगी।