फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sagar News: हवलदार के बेटे हर्षित ने पहले प्रयास में UPSC-CAPF पास कर रचा इतिहास, ऑल इंडिया में 26वीं रैंक

Wed, 25 Jun 2025 10:45 AM IST
सागर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सागर

सार

रिजल्ट आने के बाद से ही हर्षित के घर में जश्न का माहौल है। उनकी बड़ी बहन ने मोहल्ले में मिठाइयां बांटीं। सभी रिश्तेदारों और पड़ोसियों ने हर्षित को बधाइयां दीं। हर्षित के पिता दिनेश शर्मा ने कहा,  हर पिता का सपना होता है कि उसका बेटा उससे ऊंची पोस्ट पर पहुंचे। मेरे बेटे ने वह सपना सच कर दिखाया।
विज्ञापन
हर्षित शर्मा
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सागर जिले के मकरोनिया दूरसंचार कॉलोनी निवासी हर्षित शर्मा ने सफलता का परचम फहरा दिया है। 23 साल हर्षित ने पहले ही प्रयास में UPSC-CAPF परीक्षा पास कर ऑल इंडिया में 26वीं रैंक हासिल की है। इस बड़ी सफलता के साथ उन्होंने अपने माता-पिता को गर्व से भर दिया है। हर्षित का चयन सेंट्रल आर्म्ड पुलिस फोर्स (CAPF) में असिस्टेंट कमांडेंट (ACP) पद पर हुआ है, जो भारतीय सेना में कैप्टन और पुलिस में ASP के समकक्ष माना जाता है।

विज्ञापन


पिता सेना में हवलदार थे 
हर्षित के पिता दिनेश शर्मा सेना से रिटायर्ड हवलदार हैं और मां रश्मि शर्मा गृहिणी हैं। हर्षित ने अपनी स्कूली शिक्षा आर्मी पब्लिक स्कूल, सागर से प्राप्त की और स्नातक की पढ़ाई एक निजी कॉलेज से की। उन्होंने बताया कि बचपन में जब वे अपने पिता को आर्मी की वर्दी में देखते थे, तो उन्हें भी देश सेवा की प्रेरणा मिलती थी। यह पहला मौका नहीं है जब हर्षित ने किसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा में सफलता हासिल की हो। 18 साल की उम्र में उन्होंने NDA की लिखित परीक्षा पास कर 526वीं रैंक प्राप्त की थी। इसके अलावा OTA (Officers Training Academy) में उन्होंने ऑल इंडिया 62वीं रैंक हासिल की थी, लेकिन पारिवारिक कारणों से उन्होंने NDA जॉइन नहीं किया। इसके बाद उन्होंने UPSC की तैयारी शुरू कर दी थी।

ये भी पढ़ें:'अमर उजाला संवाद' में हिस्सा लेंगे विश्वास सारंग; मध्य प्रदेश से जुड़े मुद्दों पर करेंगे चर्चा
विज्ञापन
विज्ञापन


परिवार में खुशी का माहौल
रिजल्ट आने के बाद से ही हर्षित के घर में जश्न का माहौल है। उनकी बड़ी बहन ने मोहल्ले में मिठाइयां बांटीं। सभी रिश्तेदारों और पड़ोसियों ने हर्षित को बधाइयां दीं। हर्षित के पिता दिनेश शर्मा ने कहा,  हर पिता का सपना होता है कि उसका बेटा उससे ऊंची पोस्ट पर पहुंचे। मेरे बेटे ने वह सपना सच कर दिखाया। इस सफलता में मेरी धर्मपत्नी का बहुत बड़ा योगदान है, जिन्होंने मेरी गैरमौजूदगी में बच्चों की परवरिश और पढ़ाई का पूरा ध्यान रखा।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें