यौन शोषण के आरोप में घिरे मध्य प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री राघवजी को भाजपा ने पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया है। वहीं मामले में रविवार को पुलिस ने उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज कर ली है।
हालांकि कांग्रेस अब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के इस्तीफे की मांग कर रही है। सोमवार से मध्य प्रदेश विधानसभा का सत्र शुरू होने वाला है। इसमें मामला गरमाने की संभावना है।
कांग्रेस की ओर से लगातार बढ़ते दबाव के बाद रविवार को राघवजी के खिलाफ हबीबगंज थाने में अप्राकृतिक यौन संबंध बनाने और यौन शोषण का मामला दर्ज कर लिया गया। पुलिस के अनुसार राघवजी के खिलाफ धारा 377, 506 और 34 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
उधर, पार्टी ने राघवजी को भाजपा की सदस्यता से निष्कासित कर दिया है। फैसले पर नाराजगी व्यक्त करते हुए राघवजी ने कहा कि उन्होंने पार्टी को अपने जीवन के 50 साल दिए, लेकिन पार्टी ने उन्हें अपनी सफाई देने के लिए 2 मिनट का भी समय नहीं दिया।
राघवजी के विधायक बने रहने के सवाल पर भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि यह तकनीकी सवाल है। रविवार को उस समय प्रदेश सरकार पर काफी दबाव बढ़ गया था, जब पीड़ित युवक राजकुमार दांगी सामने आया और एफआईआर दर्ज कराने के लिए नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह के साथ हबीबगंज थाने पहुंच गया।
पीड़ित ने शनिवार को अपने पिता के उन बयानों को गलत बताया, जिनमें उसे मानसिक रूप से विक्षिप्त बताया गया था।