फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फेसबुक की मदद से ढूंढा डेढ़ साल पहले खोया किशोर

विज्ञापन
विज्ञापन
सोशल मीडिया साइट इन दिनों हर तरफ चर्चा में बनी हुई है। दो दिन पहले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी फेसबुक के मुख्यालय में बैठकर इसकी जरूरतों और उपलब्धियों की चर्चा की रही चुके हैं इसी बीच फेसबुक से जुड़ी एक और अच्छी खबर सामने आई है।
विज्ञापन


जहां मध्यप्रदेश के मुरैना जिले की पुलिस ने डेढ़ साल से खोए एक किशोर को फेसबुक के माध्यम से दिल्ली से ढूंढ निकाला। पुलिस की इस उपलब्धि पर हर तरफ उसकी तारीफ हो रही है।

टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के अनुसार पढ़ाई में मन न लगने के कारण मुरैना निवासी किशोर दीपेन्द्र गुर्जर पिछले मार्च महीने में घर से भागकर दिल्ली पहुंच गया था। वह घर से परिजनों को यह बताकर निकला था कि वो 12वीं कोचिंग के लिए बाहर जा रहा है। लेकिन डेढ़ साल तक वह नहीं लौटा।
विज्ञापन

Trending Videos

फेसबुक पर खुद को बता रखा था रेस्टोरेंट संचालक

मुरैना के पुलिस अधीक्षक विनीत खन्ना ने बताया कि दीपेन्द्र की गुमशुदगी का मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की। उन्होंने बताया कि फेसबुक के माध्यम से भी उसकी तलाश की जा रही थी।

इस कड़ी में हमने दीपेन्द्र नाम से जुड़े काफी फेसबुक अकाउंट की खोजबीन की। पूर्व में वह अपना फेसबुक अकाउंट किसी और नाम से चला रहा था, लेकिन कुछ दिन पहले ही उसने अकाउंट में नाम बदलकर दीपेन्द्र रखा और एक फोटो भी डाली।

अपने फेसबुक अकाउंट पर उसने खुद को एक रेस्टोरेंट का मालिक बता रखा था। पुलिस ने फेसबुक अकाउंट पर लगा उसका फोटो उसके परिजनों को दिखाया जिन्होंने उसके दीपेन्द्र होने की पुष्टि कर दी।
विज्ञापन

पुलिस ने दिल्‍ली के एक ढाबे से मजदूरी करते पकड़ा

उसने खुद को एक रेस्टोरेंट का संचालक बता रखा था, लेकिन असल में वह दिल्‍ली के अजमेरी गेट पर एक ढाबे में मजदूरी कर रहा था।  एसपी के अनुसार इसके बाद सब इंस्पेक्टर नीलम सविता ने उसे एक फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजी। जिसे उसने तुरंत स्वीकार कर लिया।

सब इंस्पेक्टर नीलम ने बताया कि चैटिंग के दौरान उसने मुझे बताया कि वह एक रेस्टोरेंट का संचालक है। उसने उसे दिल्‍ली में मिलने के लिए कहा। पुलिस के अनुसार फेसबुक चलाने के लिए वह अपना स्मार्टफोन इस्तेमाल कर रहा था। जिससे उसकी मोबाइल लोकेशन ढूंढने में आसानी रही।

इसके बाद सविता पुलिस की एक टीम के साथ मुरैना से दिल्‍ली पहुंच गई। पुलिस ने उसे पकड़ा तो उसने बताया कि पढ़ाई में उसका मन नहीं लगता था। जबकि उसके परिजन उस पर पढ़ाई के लिए जोर डाल रहे थे इसलिए वह सबकुछ छोड़कर फरार हो गया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें