उफनते पानी में से बाइक लेकर निकलते ग्रामीण
पन्ना जिले में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते पवई स्थित तेंदूघाट डैम के पांच गेट खोल दिए गए हैं। डैम के गेट खुलने से पतने नदी का जल स्तर तेजी से बढ़ गया है, जिससे नदी किनारे बसे निचले इलाकों में खतरा बढ़ गया है। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर पवई और शाहनगर तहसील क्षेत्रों में हाई अलर्ट जारी कर दिया है।
स्थानीय प्रशासन और पुलिस की टीम लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है तथा लोगों से नदी और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की जा रही है। संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए निचले इलाकों के ग्रामीणों को सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए गए हैं। यह पूरा मामला पवई थाना क्षेत्र का है, जहां प्रशासन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार नजर आ रहा है। वहीं प्रशासन ने नाली नाली में बहाव तेज होने के कारण लोगों से पार न करने की अपील की है।
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कई तहसीलों में जल भराव की स्थिति
देखा जाए तो पन्ना जिले में जल भराव की स्थिति है। केन नदी से लगे हरसा गांव में नाला उफान पर है, जिस पर लोग जान जोखिम में डालकर नाले को पार कर रहे हैं। वहीं अजयगढ़ में भी जल भराव की स्थिति है। जिला मुख्यालय से करीब 24 गांव का संपर्क टूट गया है।
कलेक्टर ने चार दिनों का अवकाश किया घोषित
पन्ना जिले में लगातार चार दिनों से हो रही बारिश को देखते हुए जिला प्रशासन अब हाई अलर्ट मोड पर आ गया है। कई तहसीलों का जिला स्तर से संपर्क टूट गया है, वहीं प्रशासन ने अपील की है कि जल भराव की स्थिति में नदी नालों को पर ना करें। तेंदू गेट डैम के पांच गेट खोलने पड़े हैं, जिससे भाग्य नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। बोरी सहित अजयगढ़ के कई क्षेत्र और टाइगर रिजर्व से जुड़े हरसा गांव का नाला भी खतरे के निशान से ऊपर बह रहा है। लोग जान जोखिम में डालकर नाला पार कर रहे हैं। प्रशासन ने अगले चार दिनों तक कक्षा नर्सरी से आठवीं तक का शासकीय एवं प्राइवेट स्कूलों में अवकाश घोषित किया है।
जान जोखिम में डालकर नदी-नाले पार कर रहे लोग।