शत-प्रतिशत डिजिटलाइजेशन कर मंडला जिला बना प्रदेश में अव्वल आदिवासी जिला
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा 4 नवंबर से 4 दिसंबर तक चलाए गए मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में मंडला जिले ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। इस अभियान में मंडला ने प्रदेश स्तर पर चौथा स्थान प्राप्त किया और यह उपलब्धि हासिल करने वाला प्रदेश का पहला आदिवासी जिला बना, जिसने सौ प्रतिशत डिजिटलीकरण का लक्ष्य पूरा किया।
शनिवार शाम 6 बजे तक जारी रिपोर्ट के अनुसार जिले की तीनों विधानसभा क्षेत्र–105 बिछिया, 106 निवास और 107 मंडला–ने गणना पत्रकों के डिजिटलाइजेशन कार्य में 100 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया। यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि मंडला भौगोलिक रूप से घने वन क्षेत्रों से घिरा हुआ है, जहां संचार सुविधाएं सीमित हैं और कई गांव दुर्गम स्थितियों में बसे हैं।
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फील्ड में कार्यरत टीमों को नेटवर्क की समस्या, कठिन मार्ग और दूरस्थ इलाकों तक पहुंच जैसी कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद जिला प्रशासन ने सुदृढ़ योजना के साथ कार्य करते हुए रात-दिन मेहनत जारी रखी। ऑनलाइन डेटा फीडिंग और दस्तावेजों के अपलोड का कार्य रात के समय भी चलता रहा, जिससे डिजिटलाइजेशन का लक्ष्य एक निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जा सका।
जिला प्रशासन की इस पहल को प्रदेश में एक मिसाल के रूप में देखा जा रहा है। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी सोमेश मिश्रा ने इस सफलता पर सभी ईआरओ, एईआरओ, बीएलओ, सुपरवाइजर और इस अभियान से जुड़े कर्मचारियों की टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि यदि बेहतर नेतृत्व, समर्पित टीम और समयबद्ध कार्ययोजना के साथ काम किया जाए तो किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।