एसडीएम सोनल सिडाम ने बताया कि बिना डिग्री इलाज करना अपराध है। आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं के अंतर्गत कड़ी कार्रवाई की जा रही है। भविष्य में भी इस तरह के अवैध क्लिनिकों पर कार्रवाई जारी रहेगी।
मंडला जिले में स्वास्थ्य सेवाओं के साथ खिलवाड़ करने वाला एक मामला सामने आया है। महाराजपुर क्षेत्र में एक व्यक्ति द्वारा अवैध रूप से क्लिनिक संचालित किया जा रहा था, जिस पर एसडीएम सोनल सिडाम ने सख्त कार्रवाई की। मौके पर की गई छापेमारी के दौरान मनोज परते नामक व्यक्ति को बिना किसी वैध चिकित्सा डिग्री के मरीजों का इलाज करते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी मनोज परते के पास न तो कोई मान्यता प्राप्त संस्था से डिग्री है न ही कोई प्रमाणपत्र है। इसके बाद भी वह लंबे समय से क्लिनिक चलाकर लोगों का इलाज कर रहा था, जिससे मरीजों की जान खतरे में पड़ रही थी। यह कार्रवाई स्थानीय प्रशासन द्वारा क्षेत्र में अवैध क्लिनिकों और झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। मौके पर राजस्व निरीक्षक राकेश कटारिया, बीएमओ डॉ. देवेंद्र शर्मा, डॉ. वैभव पटेल, मेडिकल ऑफिसर, महाराजपुर पटवारी योगेश तिवारी और नीरज वरकड़े सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद थे। अधिकारियों की टीम ने क्लिनिक में रखे दस्तावेजों व दवाओं की जांच की और मौके से कई सबूत भी एकत्रित किए।
एसडीएम सोनल सिडाम ने बताया कि बिना डिग्री इलाज करना कानूनन अपराध है। आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं के अंतर्गत कड़ी कार्रवाई की जा रही है। भविष्य में भी इस तरह के अवैध क्लिनिकों पर कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से झोलाछाप डॉक्टरों में हड़कंप मच गया है। वहीं, प्रशासन द्वारा की गई इस कार्रवाई की स्थानीय नागरिक भी सराहना कर रहे हैं।