मध्यप्रदेश में आखिर भाजपा के 15 साल के शासन का अंत हो गया। कांग्रेस ने 114 सीटें जीती हैं और उसे निर्दलियों और सपा-बसपा विधायकों का भी साथ मिल गया है। इस तरह उसने बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। आज कमनलाथ के नेतृत्व में कांग्रेस नेता राज्यपाल आनंदी बेन पटेल से मिलेंगे। वहीं, शिवराज सिंह चौहान ने अपनी हार कबूल करते हुए कहा कि संख्या बल के सामने मैं सर झुकाता हूं। हमारे पास बहुमत नहीं है इसीलिए हम सरकार बनाने का दावा नहीं करेंगे। मैं राज्यपाल को अपना इस्तीफा देने जा रहा हूं।
देवरी सीट पर बहुत नजदीकी मुकाबला। पांच सीटों पर नजदीकी मुकाबला। 9 बजे तक होगी तस्वीर साफ।
18-19 सीटों पर हार-जीत का अंतर 800 से भी कम रहा।
चुनाव आयोग के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक रुझानोें में कांग्रेस 115 सीटों और भाजपा 105 सीटों पर आगे है।
कांग्रेस धार बदनावर कुक्षी मनावर गंधवानी में आगे
भाजपा के वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय ने एक टीवी चैनल से बातचीत में कांग्रेस की तारीफ कते हुए कहा कि कांग्रेस ने बहुत बढ़िया तरीके से चुनाव लड़ा है।
क्या यह मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने के संकेत हैं।
मतगणना केंद्रों में वोटों की गिनती शुरू।
पुरानी सेंट्रल जेल में मतगणना केंद्र के बाहर मौजूद भोपाल सिटी एसपी ने कहा, "सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए टीमें को तैनात किया गया है। मतगणना केंद्रों के बाहर सड़कों पर रूट डायवर्ट किया गया है। तीन स्तरीय सुरक्षा प्रणाली लागू की गई है। संचार में मदद करने वाले किसी भी कोई भी उपकरण को अंदर ले जाने की इजाजत नहीं है।"