मध्य प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ मोहन यादव एक दिवसीय प्रवास पर ग्वालियर में थे।
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मध्य प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ मोहन यादव एक दिवसीय प्रवास पर ग्वालियर में थे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति ग्रामीण और शहरी भारत में प्राथमिक शिक्षा से लेकर उच्च शिक्षा के साथ व्यावसायिक प्रशिक्षण एकीकृत करने की रूपरेखा प्रदान करती है। इसलिए हर जिले के 8 से 10 उद्योगों को चिह्नित किया जा रहा है। जहां इंटर्नशिप के लिए कोर्स डिजाइन किए जाएंगे।
मोहन यादव अपने एक दिवसीय दौरे पर ग्वालियर आए हुए थे। इस दौरान उन्होंने ग्वालियर के चीनोर के नवनिर्मित शासकीय महाविद्यालय का लोकार्पण किया है। साथ ही शासकीय श्रीमंत माधवराव सिंधिया आदर्श विज्ञान महाविद्यालय में भी नवीन निर्माण कार्यों के भूमिपूजन के कार्यक्रमों में हिस्सा लिया है।
यादव ने कहा कि अब राष्ट्रीय शिक्षा नीति के जरिए रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रमों पर मध्य प्रदेश सरकार जोर दे रही है। कोरोना काल में बढ़ी बेरोजगारी के चलते राष्ट्रीय शिक्षा नीति को काफी कारगर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति का प्रमुख उद्देश्य छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ कौशल में पारंगत करना है। शिक्षा के साथ रोजगार को बढ़ावा देना, छात्रों में रचनात्मक सोच और तार्किक निर्णय और नवाचार की भावना को प्रोत्साहित करना है। इसके साथ ही उन्होंने कहा है कि कोविड की अगली गाइड लाइन का इंतजार है, उसके बाद प्रदेश में छात्रसंघ चुनाव कराए जाएंगे।