कार्रवाई के आरोप में सड़क पर उतरी महिलाएं।
- फोटो : सोशल मीडिया
खरगोन में मुस्लिम महिलाओं ने बुधवार को रैली निकाली और एसपी कार्यालय का घेराव किया। मुस्लिम समाज की महिलाओं ने पुलिस पर दंगों की जांच के नाम पर दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया है।
बड़ी संख्या में पहुंची महिलाओं ने एएसपी नीरज चौरसिया के कार्यालय का घेराव किया। महिलाओं ने पुलिसकर्मियों पर दंगे से संबंधित कार्रवाई करने के नाम पर दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया और ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की। महिलाओं ने एएसपी नीरज चौरसिया को आपबीती सुनाते हुए कहा कि नाबालिग बच्चों और बुजुर्गों के खिलाफ कार्रवाई करने और देर रात घरों में घुसकर आरोपियों को ढूंढने की आड़ में पुलिस दुर्व्यवहार कर रही है।
मुस्लिम समाज की महिलाओं ने मोहन टाकिज से एसपी कार्यालय तक रैली निकालकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की और एकतरफा कार्रवाई कर आंकड़े बढ़ाने के लिये कार्रवाई करने का भी आरोप लगाया। रैली में शामिल उज़्मा ने कहा कि रामनवमी जुलूस में बने हालात पुलिस की चूक है, लेकिन वह अपने आप को बचाने के लिए एक पक्ष को दोषी बना रही है। वहीं, एएसपी नीरज चौरसिया ने बताया कि दंगे में शामिल लोगों के खिलाफ फुटेज के आधार पर पुलिस कार्रवाई कर रही है। इसलिये दबाव बनाने के लिये विरोध में रैली निकाली गई है। पुलिस निर्दोष लोगों पर कार्रवाई नहीं कर रही है। एसपी ने महिलाओं को आश्वासन दिया कि ज्ञापन पर विचार किया जाएगा, फुटेज देखे जायेगे अगर कोई निर्दोष मिलेगा तो छोड़ेंगे, लेकिन दंगे के दोषी बदमाशों, उपद्रवियों को बख्शा नहीं जायेगा। एकतरफा कार्रवाई के आरोप गलत हैं। साक्ष्य के आधार पर ही पुलिस कार्रवाई कर रही है।