सात करोड़ के धान मामले पर FIR दर्ज
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मध्यप्रदेश में एक बार फिर कटनी का नाम सुर्खियों में आ गया है। इसकी वजह ओपन वेयर हाउस में रखी करोड़ों की धान है, जिसे खुर्द-बुर्द करने के मामले पर अधिकारियों ने अहमदाबाद की नामी कंपनी गो-ग्रीन के सीईओ सहित अन्य तीन लोगों के विरूद्ध बड़वारा थाने पहुंचकर एफआईआर दर्ज कराए हैं।
बता दें, पूरा मामला साल 2021 से जुड़ा है। जहां ओपन वेयर हाउस में शासकीय तौर पर उपार्जन केन्द्रों पर धान खरीदकर उसे ओपन कैंप में संरक्षित-सुरक्षित करने के साथ ही उसकी देखरेख की जिम्मेदारी एमएस गो-ग्रीन प्राइवेट लिमिटेड अहमदाबाद कंपनी को सौंपी गई। हालांकि, यहां से धान चोरी और देख-रेख में लापरवाही की शिकायतें भी होना जल्द शुरू हो गई थी, जिसकी बीच-बीच में जांच के लिए स्थानीय सहित भोपाल स्तर के अधिकारियों का दौरा लगता रहा। लेकिन महकमे में उस वक्त हड़कंप मचा, जब केंद्र और प्रदेश को राजधानी से आई टीम ने जांच में धान के खुर्द-बुर्द करने की बात अपने जांच में दर्शा डाली और मध्यप्रदेश वेयर हाउसिंग एवं लॉजिस्टिक कार्पोरेशन कटनी के जिला प्रबंधक योगेंद्र सिंह सेंगर से गो-ग्रीन कंपनी के विरूद्ध प्रकरण दर्ज करने की बात कही।
जानकारी के मुताबिक, कटनी के रीठी, बहोरीबंद और बरही सहित मझगवां में बने ओपन कैप में करीब 35 करोड़ से अधिक की धान खराब और गायब हुई है, जिस पर अधिकारियों ने बड़वारा थाने पहुंच एफआईआर दर्ज करवाने की कार्रवाई शुरू की। पूरे मामले पर थाना प्रभारी अनिल यादव ने बताया कि एक लिखित शिकायत पत्र थाने में दिया था। उसके आधार पर मेसर्स गो-ग्रीन प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के अधिकारियों की लापरवाही समाने आई है।
उसके चलते बड़वारा थानांतर्गत स्थित मझगवां ओपन कैप में रखी लगभग सात करोड़ रुपये की कीमती 2,706 मीट्रिक टन धान पूरी तरह खुर्द-बुर्द हो गई। प्रकरण की जांच के उपरांत तय होगा की धान चोरी की गई या खराब हुई है। लेकिन शिकायत के आधार पर एमएस गो-ग्रीन प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के सीईओ संतोष साहू, स्टेट हेड सौरभ मालवीय, कंपनी एडवाइजर अखिलेश बिसेन सहित ओपन कैप के सुपर वाइजर संजू रजक के विरूद्ध धारा-409, 427, 120बी के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।